मुजफ्फरनगर। सिविल लाइन थाना क्षेत्र में एक महिला अधिवक्ता ने बरला निवासी युवक पर शादी का झांसा देकर लंबे समय तक शारीरिक संबंध बनाने का आरोप लगाया है। पीड़िता की तहरीर पर पुलिस ने पंकज त्यागी के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। पीड़िता का आरोप है कि युवक ने खुद को पहले से विवाहित बताते हुए अपनी पत्नी से तलाक का मुकदमा चलने की बात कही और उससे शादी करने का भरोसा दिलाया। आरोप है कि इसी भरोसे में लेकर उसने उसके साथ संबंध बनाए। बाद में पीड़िता और उसकी मां से 25 लाख रुपये की मांग भी की गई।

मुकदमे के सिलसिले में हुई थी मुलाकात

पीड़िता ने पुलिस को बताया कि वह अधिवक्ता है और कुछ वर्ष पहले एक मुकदमे के सिलसिले में उसकी पंकज से मुलाकात हुई थी। इसके बाद कचहरी में मुकदमों के सिलसिले में दोनों की मुलाकात होती रही। आरोप है कि इसी दौरान पंकज ने उससे नजदीकियां बढ़ाईं और शादी का प्रस्ताव रखा।
पीड़िता के मुताबिक, उसने इस प्रस्ताव की जानकारी अपनी मां को दी और पंकज को उनसे भी मिलवाया। इसी दौरान उसे पंकज के पहले से विवाहित होने की जानकारी हुई।
तलाक का मुकदमा चलने की बात कहकर भरोसा दिलाने का आरोप
पीड़िता का आरोप है कि जब उसने पंकज से उसके पहले विवाह के बारे में पूछा तो उसने पत्नी के साथ संबंध खराब होने और परिवार न्यायालय में तलाक का मुकदमा चलने की बात कही। तहरीर के अनुसार, आरोपी ने कथित तलाक के मुकदमे से संबंधित दस्तावेज की छायाप्रति भी दिखाई।
पीड़िता का कहना है कि दस्तावेज देखने के बाद उसे पंकज की बात पर विश्वास हो गया। इसके बाद दोनों के बीच संबंध आगे बढ़े।
शादी के पंजीकरण की प्रक्रिया के बाद संबंध बनाने का आरोप
पीड़िता के अनुसार, 17 दिसंबर 2024 को दोनों ने शादी के संबंध में पंजीकरण कार्यालय में प्रक्रिया पूरी की थी। आरोप है कि इसके बाद पंकज ने पति के रूप में विश्वास में लेकर सिविल लाइन क्षेत्र स्थित उसके तत्कालीन आवास पर उसके साथ शारीरिक संबंध बनाए।
पीड़िता का दावा है कि इसके बाद भी आरोपी उसके घर आता-जाता रहा और शादी करने का भरोसा देकर उसके साथ संबंध बनाता रहा। आरोप है कि बाद में उसने पीड़िता और उसकी मां से 25 लाख रुपये की मांग भी शुरू कर दी।
पहली पत्नी से तलाक नहीं होने की जानकारी मिलने का दावा
पीड़िता ने पुलिस को बताया कि 17 अगस्त 2025 को वह अपनी मां के साथ पंकज के घर पहुंची। वहां बातचीत के दौरान उसे कथित तौर पर जानकारी हुई कि पंकज का अपनी पहली पत्नी से तलाक नहीं हुआ है।
पीड़िता का आरोप है कि इसके बाद उसे पता चला कि तलाक के संबंध में उसे गुमराह किया गया था और शादी का भरोसा देकर उसके साथ संबंध बनाए गए।
मानसिक परेशानी और घर बदलने का भी आरोप
तहरीर में पीड़िता ने पूरे घटनाक्रम के कारण मानसिक परेशानी और सामाजिक बदनामी का आरोप लगाया है। उसका कहना है कि परिस्थितियों के चलते उसे अपनी मां के साथ पुराना निवास छोड़कर दूसरी जगह रहने के लिए जाना पड़ा।
पीड़िता ने आरोप लगाया है कि 17 दिसंबर 2024 से 17 अगस्त 2025 के बीच आरोपी ने शादी का भरोसा देकर उसे कथित तौर पर धोखे में रखा और उसके साथ लगातार शारीरिक संबंध बनाए।
पुलिस ने दर्ज किया मुकदमा
पीड़िता की तहरीर के आधार पर सिविल लाइन थाना पुलिस ने आरोपी के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया है। पुलिस शादी के पंजीकरण से जुड़े दस्तावेज, कथित तलाक के मुकदमे के कागजात और अन्य साक्ष्यों की जांच कर रही है।
पुलिस का कहना है कि विवेचना के दौरान सामने आने वाले तथ्यों और साक्ष्यों के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल पीड़िता की ओर से लगाए गए आरोप जांच का विषय हैं और आरोपी पक्ष का पक्ष सामने नहीं आया है।

