मुजफ्फरनगर। चरथावल थाना पुलिस ने करीब 15 दिनों से लापता नाबालिग किशोरी को सकुशल बरामद कर लिया है। पुलिस ने मामले में नामजद आरोपी युवक को भी गिरफ्तार किया है। पुलिस के अनुसार किशोरी और आरोपी की बरामदगी दधेडू पुल के पास घेराबंदी के दौरान हुई। मामले की जांच में सामने आए नए तथ्यों और साक्ष्यों के आधार पर दर्ज मुकदमे में भारतीय न्याय संहिता और पॉक्सो एक्ट की कई गंभीर धाराएं भी बढ़ाई गई हैं। पुलिस आरोपी को न्यायालय में पेश करने की तैयारी कर रही है।

स्कूल जाने के लिए घर से निकली थी किशोरी
पुलिस के मुताबिक गांव दुधली निवासी एक व्यक्ति ने 29 जुलाई को चरथावल थाने में लिखित शिकायत दी थी। किशोरी के पिता ने बताया था कि उनकी नाबालिग बेटी 28 जुलाई की सुबह करीब सात बजे महर्षि दयानंद इंटर कॉलेज में पढ़ने के लिए घर से निकली थी। लेकिन वह स्कूल नहीं पहुंची और निर्धारित समय तक घर भी वापस नहीं लौटी।

काफी देर तक किशोरी के घर नहीं पहुंचने पर परिवार के लोगों ने उसकी तलाश शुरू की। रिश्तेदारों, परिचितों और संभावित स्थानों पर तलाश करने के बावजूद किशोरी का कोई सुराग नहीं मिला।
युवक पर बहला फुसलाकर ले जाने का शक
परिजनों ने पुलिस को बताया कि उन्हें गांव दुधली निवासी सचिन पर शक है। आरोप था कि सचिन उनकी नाबालिग बेटी को बहला फुसलाकर अपने साथ कहीं ले गया है। शिकायत के आधार पर चरथावल पुलिस ने नामजद आरोपी के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी।
पुलिस रिकॉर्ड के अनुसार मामले में अपराध संख्या 131/2026 के तहत भारतीय न्याय संहिता की धारा 137(2) में मुकदमा दर्ज किया गया था। मामले की विवेचना उपनिरीक्षक मनोज कुमार को सौंपी गई।
मुखबिर की सूचना पर घेराबंदी
मुकदमा दर्ज होने के बाद पुलिस ने किशोरी की तलाश के साथ नामजद आरोपी की भी तलाश शुरू कर दी। पुलिस लगातार संभावित ठिकानों और आरोपी के बारे में जानकारी जुटा रही थी।
इसी दौरान 12 अगस्त को जांच अधिकारी उपनिरीक्षक मनोज कुमार को मुखबिर से महत्वपूर्ण सूचना मिली। सूचना के आधार पर पुलिस टीम ने दधेडू पुल के पास घेराबंदी की। पुलिस के अनुसार रात करीब 11 बजकर 54 मिनट पर नाबालिग किशोरी को सकुशल बरामद कर लिया गया।
इसी दौरान पुलिस ने नामजद आरोपी सचिन पुत्र ज्योति निवासी ग्राम दुधली को भी गिरफ्तार कर लिया।
जांच में सामने आए नए तथ्यों पर बढ़ीं धाराएं
किशोरी की बरामदगी और आगे की जांच के दौरान सामने आए नए तथ्यों के आधार पर पुलिस ने मुकदमे में कई गंभीर धाराएं बढ़ाई हैं। पुलिस के अनुसार भारतीय न्याय संहिता की धारा 87 और 64(1) तथा पॉक्सो अधिनियम की धारा 3 और 4(2) को भी मुकदमे में शामिल किया गया है।
इन धाराओं के जुड़ने के बाद आरोपी के खिलाफ दर्ज मुकदमा और गंभीर हो गया है। पुलिस मामले से जुड़े अन्य तथ्यों और साक्ष्यों की भी जांच कर रही है।
आरोपी का पहले से भी आपराधिक मामला दर्ज
चरथावल पुलिस के अनुसार गिरफ्तार आरोपी सचिन के खिलाफ पहले से भी एक मुकदमा दर्ज है। पुलिस रिकॉर्ड में अपराध संख्या 136/2026 के तहत भारतीय न्याय संहिता की धारा 352, 115(2) और 351(3) में मामला दर्ज बताया गया है।
पुलिस अब आरोपी को न्यायालय के समक्ष पेश करने की कानूनी प्रक्रिया पूरी कर रही है।
पुलिस टीम ने की कार्रवाई
नाबालिग किशोरी को सकुशल बरामद करने और नामजद आरोपी को गिरफ्तार करने वाली पुलिस टीम में उपनिरीक्षक मनोज कुमार, कांस्टेबल सतीश मलिक और महिला कांस्टेबल गीतु शामिल रहे। पुलिस के अनुसार मामले में आगे की विवेचना जारी है और जांच में सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर आवश्यक कानूनी कार्रवाई की जाएगी।

