मीरापुर (मुजफ्फरनगर)। कस्बे के व्यस्त कमलियान मार्केट में ऑनलाइन भुगतान के नाम पर ठगी का मामला सामने आया है। गुरुवार दोपहर बाइक सवार दो अज्ञात युवकों ने बंसल गारमेंट पर खरीदारी करने के बाद क्यूआर कोड के जरिए भुगतान करने का दावा किया और मोबाइल पर एक हजार रुपये ट्रांसफर होने का फर्जी मैसेज दिखाकर कपड़े लेकर फरार हो गए। दुकानदार को जब तक खाते में रकम नहीं आने की जानकारी हुई, तब तक दोनों आरोपी बाइक से मौके से निकल चुके थे। सूचना मिलने के बाद डायल 112 पुलिस मौके पर पहुंची और दुकान तथा आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगालकर आरोपियों की तलाश शुरू कर दी।

दो युवक बाइक से पहुंचे, पसंद किए कपड़े
जानकारी के अनुसार मोहल्ला सरफपुरा निवासी अंशिका बंसल पुत्री विजेंद्र बंसल कमलियान मोहल्ले में बंसल गारमेंट के नाम से रेडीमेड कपड़ों का शोरूम चलाती हैं। गुरुवार दोपहर करीब तीन बजे बाइक सवार दो युवक उनकी दुकान पर पहुंचे।

दोनों युवकों ने दुकान में कपड़े देखने के बाद दो टी-शर्ट और एक शर्ट पसंद की। कपड़े पसंद करने के बाद जब भुगतान की बारी आई तो युवकों ने ऑनलाइन पेमेंट करने के लिए दुकान का क्यूआर कोड मांगा।
मोबाइल पर दिखाया एक हजार रुपये का फर्जी भुगतान
आरोप है कि युवकों में से एक ने अपने मोबाइल फोन पर मौजूद फर्जी पेमेंट ऐप के जरिए एक हजार रुपये भुगतान होने का मैसेज दिखाया। मोबाइल स्क्रीन पर भुगतान सफल होने का संदेश देखकर शुरुआत में दुकानदार को भी रकम ट्रांसफर होने का भरोसा हो गया।
हालांकि, अंशिका बंसल ने सावधानी बरतते हुए अपने मोबाइल फोन में बैंक खाते का बैलेंस और मैसेज चेक किया। जांच करने पर खाते में एक हजार रुपये जमा नहीं हुए थे। उन्हें भुगतान नहीं मिलने का पता चला तो उन्होंने युवकों से पूछताछ करने का प्रयास किया।
पैसे का पता चला तो बाइक से भाग निकले
दुकानदार के अनुसार, जब तक वह मामले को समझ पातीं और युवकों को रोकने का प्रयास करतीं, दोनों आरोपी बाइक पर सवार होकर मौके से फरार हो गए। इसके बाद पीड़िता ने मामले की जानकारी भारतीय व्यापार मंडल के नगर अध्यक्ष अक्की को दी।
उन्होंने तत्काल डायल 112 पुलिस को घटना की सूचना दी। सूचना मिलते ही पुलिस टीम मौके पर पहुंची और घटना की जानकारी जुटाने के साथ दुकान में लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज देखनी शुरू कर दी।
सीसीटीवी फुटेज से आरोपियों की तलाश
पुलिस अब सीसीटीवी फुटेज के आधार पर दोनों संदिग्ध युवकों और उनकी बाइक की पहचान करने का प्रयास कर रही है। आसपास के प्रतिष्ठानों और रास्तों पर लगे कैमरों की फुटेज भी खंगाली जा रही है, ताकि आरोपियों के आने और घटना के बाद फरार होने की दिशा का पता लगाया जा सके।
स्थानीय व्यापारियों का कहना है कि मीरापुर में फर्जी पेमेंट ऐप के जरिए भुगतान का झांसा देकर दुकानदारों को ठगी का शिकार बनाने के मामले सामने आ रहे हैं। व्यापारियों के अनुसार कुछ दिन पहले सर्राफा और कॉस्मेटिक कारोबारी शिवम वत्स की दुकान पर भी इसी तरह फर्जी भुगतान का तरीका अपनाकर ठगी किए जाने की घटना सामने आई थी।
लगातार सामने आ रही ऐसी घटनाओं से स्थानीय व्यापारियों में चिंता का माहौल है। पुलिस सीसीटीवी फुटेज और अन्य जानकारी के आधार पर आरोपियों तक पहुंचने की कोशिश कर रही है।

