कैथोड़ा में जलभराव से ‘नरक’ बनी जिंदगी! गलियों में गंदा पानी, रास्ते बंद; अफसरों ने पंप लगवाने का दिया भरोसा

कैथोड़ा में जलभराव से ‘नरक’ बनी जिंदगी! गलियों में गंदा पानी, रास्ते बंद; अफसरों ने पंप लगवाने का दिया भरोसा

मीरापुर। क्षेत्र के ग्राम कैथोड़ा में लंबे समय से बनी जलभराव की समस्या ने ग्रामीणों की मुश्किलें बढ़ा दी हैं। गांव की गलियों और विभिन्न मोहल्लों में गंदा पानी जमा होने से लोगों का आवागमन प्रभावित है। कई स्थानों पर रास्तों पर कीचड़ और गंदा पानी जमा होने के कारण ग्रामीणों को आने-जाने में परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। जलभराव के कारण गांव में संक्रामक बीमारियां फैलने की आशंका भी बनी हुई है, जिससे ग्रामीणों में चिंता का माहौल है।

ग्रामीणों का कहना है कि जलभराव की समस्या कोई नई नहीं है। इसके समाधान के लिए कई बार संबंधित अधिकारियों को प्रार्थना पत्र देकर शिकायत की जा चुकी है, लेकिन अब तक समस्या का स्थायी समाधान नहीं हो पाया। ग्रामीणों के मुताबिक बारिश होने अथवा पानी निकासी की उचित व्यवस्था नहीं होने के कारण कई स्थानों पर लंबे समय तक पानी जमा रहता है।

गांव निवासी अली जमीन जैदी ने भी जिलाधिकारी मुजफ्फरनगर को प्रार्थना पत्र देकर गांव की जलभराव की समस्या से अवगत कराया था। उन्होंने प्रशासन से मांग की थी कि ग्रामीणों को जलभराव और गंदगी से उत्पन्न हो रही परेशानी से जल्द राहत दिलाई जाए।

अधिकारियों ने गांव पहुंचकर किया निरीक्षण

ग्रामीणों की शिकायत का संज्ञान लेते हुए उच्च अधिकारियों ने मामले में तत्काल कार्रवाई के निर्देश दिए। अधिकारियों के निर्देश पर नायब तहसीलदार अजय कुमार और लेखपाल ओमवीर सिंह ग्राम कैथोड़ा पहुंचे। दोनों अधिकारियों ने गांव में जलभराव से प्रभावित क्षेत्रों का मौके पर निरीक्षण किया और स्थिति का जायजा लिया।

निरीक्षण के दौरान अधिकारियों ने उन गलियों और मोहल्लों का दौरा किया जहां गंदा पानी जमा है। उन्होंने मौके पर मौजूद ग्रामीणों से बातचीत कर उनकी समस्याएं सुनीं। ग्रामीणों ने अधिकारियों को बताया कि जल निकासी की उचित व्यवस्था नहीं होने के कारण उन्हें लंबे समय से परेशानी झेलनी पड़ रही है।

पंप लगाकर निकाला जाएगा जमा पानी

मौके का निरीक्षण करने के बाद नायब तहसीलदार अजय कुमार ने ग्रामीणों को जल्द राहत दिलाने का आश्वासन दिया। उन्होंने कहा कि तत्काल प्रभाव से पंप लगाकर गांव में जमा पानी को बाहर निकलवाने की व्यवस्था की जाएगी, जिससे ग्रामीणों को आवागमन में हो रही परेशानी से राहत मिल सके।

अधिकारियों ने ग्रामीणों को यह भी भरोसा दिलाया कि केवल अस्थायी रूप से पानी निकालने तक कार्रवाई सीमित नहीं रहेगी। जलभराव की समस्या का स्थायी समाधान कराने के लिए भी आवश्यक कदम उठाए जाएंगे, ताकि भविष्य में दोबारा ऐसी स्थिति उत्पन्न न हो।

ग्रामीणों ने स्थायी समाधान की मांग उठाई

ग्रामीणों ने अधिकारियों के सामने अपनी समस्याएं रखते हुए कहा कि बार-बार जलभराव होने से गलियों में गंदगी और कीचड़ फैल जाता है। इससे बच्चों, बुजुर्गों और महिलाओं को सबसे अधिक परेशानी होती है। ग्रामीणों ने प्रशासन से जल निकासी की स्थायी व्यवस्था कराने और नालियों की सफाई तथा आवश्यक निर्माण कार्य कराने की मांग की।

ग्रामीणों का कहना है कि पंप लगाकर पानी निकालने से फिलहाल राहत मिल सकती है, लेकिन जब तक जल निकासी की स्थायी व्यवस्था नहीं की जाती, तब तक समस्या दोबारा खड़ी होती रहेगी। इसलिए प्रशासन को इस दिशा में भी जल्द प्रभावी कदम उठाने चाहिए।

निरीक्षण के दौरान ग्रामीण बुंदु, शब्बन, जलाल, जुल्फेकार, अख्तर हुसैन, इरशाद अली, फिरोज हैदर और मिशम समेत कई ग्रामीण मौजूद रहे। ग्रामीणों ने अधिकारियों के सामने अपनी समस्याएं रखीं और जल्द से जल्द ठोस कार्रवाई की मांग की। प्रशासन की ओर से तत्काल पानी निकासी की व्यवस्था किए जाने के आश्वासन के बाद ग्रामीणों ने समस्या के स्थायी समाधान की उम्मीद जताई।

Comments

No comments yet. Why don’t you start the discussion?

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *