मुजफ्फरनगर। जनपद में अवैध निर्माण और बिना स्वीकृत मानचित्र के व्यावसायिक भवनों का निर्माण करने वालों के खिलाफ मुजफ्फरनगर विकास प्राधिकरण (एमडीए) ने सख्त कार्रवाई शुरू कर दी है। प्राधिकरण की उपाध्यक्ष प्रणता ऐश्वर्या के निर्देश पर शनिवार को प्रवर्तन टीम ने शहर के विभिन्न क्षेत्रों में अभियान चलाते हुए दो बड़े अवैध व्यावसायिक निर्माणों को सील कर दिया। कार्रवाई के दौरान स्थानीय पुलिस बल भी मौके पर मौजूद रहा। एमडीए की इस कार्रवाई के बाद अवैध निर्माण कराने वालों में हड़कंप की स्थिति बनी हुई है।

एमडीए सचिव कुंवर बहादुर सिंह ने बताया कि अभियान के तहत पहली कार्रवाई जोन-5 के अंतर्गत अंबा विहार क्षेत्र में की गई। यहां हारून अली पुत्र मोहम्मद गुलाब द्वारा एक भवन का निर्माण कराया जा रहा था। निरीक्षण के दौरान पाया गया कि निर्माण कार्य प्राधिकरण से स्वीकृत मानचित्र के विपरीत किया जा रहा है। दस्तावेजों की जांच में नियमों का उल्लंघन सामने आने पर प्रवर्तन टीम ने निर्माण कार्य रुकवाते हुए भवन को तत्काल प्रभाव से सील कर दिया।

इसके बाद एमडीए की टीम ने जोन-1 के अंतर्गत जानसठ रोड ओवरब्रिज के समीप सादिक चिकन के पास दूसरा अभियान चलाया। यहां मोहम्मद इलियास द्वारा बिना किसी वैध अनुमति और बिना मानचित्र स्वीकृत कराए बेसमेंट तथा प्रथम तल पर व्यावसायिक निर्माण कराया जा रहा था। प्राधिकरण की टीम ने मौके पर पहुंचकर निर्माण कार्य बंद कराया और पूरे परिसर को सील करते हुए भवन पर सरकारी नोटिस भी चस्पा कर दिया।
प्राधिकरण अधिकारियों के अनुसार दोनों निर्माण निर्धारित नियमों और भवन उपविधियों के विपरीत किए जा रहे थे। इसी कारण दोनों परिसरों के खिलाफ सीलिंग की कार्रवाई की गई। अभियान के दौरान कानून व्यवस्था बनाए रखने के लिए स्थानीय पुलिस बल की तैनाती भी की गई थी, जिससे कार्रवाई शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हुई।
एमडीए ने स्पष्ट किया है कि बिना स्वीकृत नक्शे के किसी भी प्रकार का निर्माण या व्यावसायिक गतिविधि संचालित करने की अनुमति नहीं दी जाएगी। प्राधिकरण ने शहर के अन्य निर्माणकर्ताओं को भी चेतावनी देते हुए कहा है कि यदि बिना अनुमति निर्माण कार्य किया गया तो उसके विरुद्ध सीलिंग के साथ-साथ ध्वस्तीकरण की कार्रवाई भी की जाएगी।
प्राधिकरण ने कहा कि जनपद में अवैध निर्माणों के खिलाफ अभियान आगे भी लगातार जारी रहेगा और नियमों का उल्लंघन करने वाले किसी भी व्यक्ति को बख्शा नहीं जाएगा। इस अभियान के दौरान प्राधिकरण के सहायक अभियंता, अवर अभियंता, प्रवर्तन दल के अन्य अधिकारी एवं कर्मचारी तथा स्थानीय पुलिस बल मौके पर मौजूद रहे।

