मीरापुर, मुजफ्फरनगर। कस्बे के मोहल्ला कबूलपुरा वार्ड नंबर तीन में शनिवार को उस समय बड़ा हादसा टल गया, जब भोजन की तलाश में घूम रहा एक लावारिस गोवंश सड़क किनारे बने गहरे गड्ढे में जा गिरा। काफी देर तक गोवंश गड्ढे में फंसा रहा। जानकारी मिलने के बाद स्थानीय युवाओं और वार्ड सभासद के प्रतिनिधि ने मौके पर पहुंचकर रेस्क्यू अभियान शुरू किया। कड़ी मशक्कत के बाद गोवंश को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया।

घटना शनिवार दोपहर की बताई जा रही है। बताया गया कि गोवंश भोजन की तलाश में इधर उधर घूम रहा था। इसी दौरान वह अनजाने में सड़क किनारे बने गहरे गड्ढे में जा गिरा। गड्ढा गहरा होने के कारण गोवंश खुद बाहर नहीं निकल सका। काफी देर तक उसके अंदर फंसे रहने के बाद आसपास के लोगों की नजर उस पर पड़ी।

गोवंश को गड्ढे में फंसा देखकर स्थानीय लोगों में हड़कंप मच गया। लोगों ने तत्काल इसकी जानकारी अन्य नागरिकों तक पहुंचाई और मदद के लिए सोशल मीडिया पर तस्वीर साझा की। तस्वीर सामने आने के बाद लोगों ने गोवंश को सुरक्षित बाहर निकालने के लिए मदद की अपील की।
जानकारी मिलते ही वार्ड सभासद पति सरताज सैफी सक्रिय हुए। उन्होंने मोहल्ले के युवाओं अमूल, अज्जू, विशाल और गौतम को साथ लिया और तत्काल मौके पर पहुंचे। टीम ने स्थिति का जायजा लेने के बाद बिना समय गंवाए रेस्क्यू अभियान शुरू किया।
स्थानीय युवाओं ने काफी मशक्कत और उपलब्ध संसाधनों की मदद से गोवंश को गड्ढे से बाहर निकालने का प्रयास किया। काफी देर की मेहनत के बाद गोवंश को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया। राहत की बात रही कि गोवंश को कोई गंभीर चोट नहीं आई।
रेस्क्यू टीम से जुड़े लोगों ने कहा कि बेजुबान पशुओं की रक्षा करना सभी का नैतिक कर्तव्य है। समय रहते सूचना मिलने और स्थानीय लोगों के सहयोग से गोवंश को सुरक्षित बचाया जा सका।
व्यापार मंडल अध्यक्ष अक्की ने बताया कि उन्हें घटना की जानकारी मिलते ही उन्होंने तत्काल वार्ड सभासद को सूचना दी थी। इसके बाद स्थानीय युवाओं की टीम मौके पर पहुंची और रेस्क्यू अभियान शुरू किया। टीम ने मेहनत और उपलब्ध तकनीकों का सहारा लेकर गोवंश को सुरक्षित बाहर निकाल लिया।
गड्ढे से बाहर निकाले जाने के बाद गोवंश को पानी और चारा दिया गया। इसके बाद उसके स्वास्थ्य की स्थिति देखी गई। गोवंश के सुरक्षित बाहर निकलने के बाद स्थानीय लोगों ने राहत की सांस ली।
स्थानीय नागरिकों और व्यापारियों ने समय रहते मौके पर पहुंचकर गोवंश की जान बचाने वाली रेस्क्यू टीम की सराहना की। लोगों ने कहा कि युवाओं की तत्परता और मानवीय संवेदनशीलता के कारण एक बेजुबान पशु की जान बच सकी। स्थानीय लोगों ने प्रशासन से सड़क किनारे बने ऐसे गहरे और खुले गड्ढों को जल्द बंद कराने की भी मांग की, ताकि भविष्य में इस तरह की घटना दोबारा न हो।

