सहारनपुर। सहारनपुर विकास प्राधिकरण उपाध्यक्ष आशीष कुमार द्वारा आज अधिशासी अभियंता एवं समस्त जोन के सहायक अभियन्ताओं एवं अवर अभियंताओं के साथ विकास प्राधिकरण क्षेत्रान्तर्गत विकसित हो रही अवैध कॉलोनियों का निरीक्षण किया। जिसमें दिल्ली रोड़ पर जोन-10 में संजय गुप्ता द्वारा लगभग 16 बीघा में, सरस्वती विहार स्कूल के निकट नेपाल, प्रदीप द्वारा लगभग बीस बीघा में, दीपक द्वारा महावीर ग्रीन के नाम लगभग चालिस बीघा में, महालक्ष्मी कॉलोनी लगभग चालिस बीघा में, महावीर एन्कलेव लगभग पन्द्रह बीघा में, महावीर एन्कलेव लगभग दस बीघा में, संजय अरोड़ा द्वारा लगभग सात-आठ वर्ष पूर्व विकसित की गई कॉलोनी, अमृत गुप्ता द्वारा लगभग छः बीघा में, हाजी फारूक द्वारा विकसित ग्रीनव्यू-ज्योतिबा फूले-रॉयल गार्डन कॉलोनियों तथा दिल्ली रोड़ पर जोन-11 में हेमन्त जोशी द्वारा ग्राम ताहरपुर रोड़ पर लगभग बीस बीघा में, बाईपास के निकट निर्माणाधीन आयुक्त महोदय के आवास के पास लगभग दस बीघा में, रजवाहा पटरी टेलीफोन एक्सचेंज के पास जोन-04 सैक्टर-99 कॉलोनी के सामने अल्ताफ द्वारा लगभग तीस बीघा में, अक्षय त्यागी/जय शाकुम्भरी प्रोपट्रीज द्वारा रजवाहा पटरी पर लगभग तीन बीघा में, गोपाल अग्रवाल द्वारा मिनी बाईपास पर लगभग 17 बीघा में, महावीर प्रोपट्रीज द्वारा अनिल उर्फ लिली द्वारा मिनी बाईपास पर लगभग 18 बीघा में, ओमवीर द्वारा मिली बाईपास पर लगभग 710 गज में, विनोद कुमार प्रोपट्रीज द्वारा मिनी बाईपास पर छः बीघा में, दीपक शर्मा, सागर शर्मा द्वारा मिनी बाईपास पर लगभग 16 बीघा में, मल्हीपुर रोड़ जोन-04 में शिव प्रोपट्रीज द्वारा लगभग कई बीघा में, गुरूनाक प्रोपट्रीज द्वारा लगभग आठ बीघा में, सचिन वर्मा महावीर ग्रीन्स नामक कॉलोनी लगभग 22 बीघा में, आदिल खान द्वारा लगभग 30 बीघा मंे अवैध कॉलोनी का विकास कार्य होता पाया गया। एसडीए उपाध्यक्ष आशीष कुमार ने कहा कि जिन कॉलोनियों में पूर्व में ध्वस्तीकरण की कार्यवाही की गयी परन्तु कॉलोनाईजरों द्वारा पुनः कार्य किया जा रहा है। ऐसे प्रकरणों में अभियोजन न्यायालय को सूचना देकर अधिक से अधिक दण्ड अधिरोहित कराने हेेतू अधिशासी अभियंता को निर्देशित किया गया। निरीक्षण के दौरान कुछ कॉलोनियों में मिट्टी का अवैध खनन होता पाया गया है। इन सभी प्रकरणों में उपजिलाधिकारी तथा खनन अधिकारी को कार्यवाही करने हेतू निर्देशित किया गया। सभी कॉलोनियों में नियमानुसार ध्वस्तीकरण कार्यवाही कराने हेतू सचिव तथा अधिशासी अभियन्ता को निर्देशित किया गया।


