मुजफ्फरनगर। चरथावल थाना पुलिस ने ग्राम न्यामू के मेले में युवक पर हुए जानलेवा चाकू हमले का खुलासा करते हुए तीन आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस ने आरोपियों की निशानदेही पर वारदात में प्रयुक्त अवैध चाकू भी बरामद किया है। हथियार बरामद होने के बाद पुलिस ने मुकदमे में आर्म्स एक्ट की धारा भी बढ़ा दी है। तीनों आरोपियों को न्यायालय में पेश करने के बाद न्यायिक अभिरक्षा में जेल भेज दिया गया।

पुलिस के अनुसार घटना उन्नीस जून की है, जब ग्राम न्यामू में लगने वाले मेले में दुकान लगाने की जगह को लेकर विवाद हो गया था। मामूली कहासुनी देखते ही देखते हिंसक झड़प में बदल गई। आरोप है कि रविंद्र, राजेश और दिनेश ने मिलकर संकित सैनी निवासी गांव बुढ़ाखेड़ा गुर्जर, थाना रामपुर मनिहारान, जनपद सहारनपुर पर चाकू से हमला कर दिया। हमले में संकित गंभीर रूप से घायल हो गया, जिसके बाद मौके पर अफरा-तफरी मच गई।

घटना के बाद घायल संकित सैनी की तहरीर के आधार पर चरथावल थाने में मुकदमा दर्ज किया गया। मामले की विवेचना उपनिरीक्षक निकी माहौर को सौंपी गई। मुकदमा दर्ज होने के बाद पुलिस लगातार आरोपियों की तलाश में संभावित ठिकानों पर दबिश दे रही थी।
शनिवार रात मुखबिर से मिली सूचना के आधार पर चरथावल थाना पुलिस ने ग्राम न्यामू स्थित पंचायत घर के पास घेराबंदी कर तीनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। गिरफ्तार आरोपियों की पहचान रविंद्र पुत्र भीपाल निवासी माजरा, थाना रामपुर मनिहारान, राजेश पुत्र प्रेम निवासी माजरा तथा दिनेश पुत्र हरिराम निवासी मनकपुर, थाना थानाभवन, जनपद शामली के रूप में हुई है।
पुलिस पूछताछ के दौरान आरोपियों की निशानदेही पर वारदात में इस्तेमाल किया गया अवैध चाकू भी बरामद कर लिया गया। इसके बाद पुलिस ने मुकदमे में आर्म्स एक्ट की संबंधित धारा भी जोड़ दी, जिससे आरोपियों के खिलाफ मामला और मजबूत हो गया।
यह कार्रवाई वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक संजय कुमार वर्मा के निर्देशन, पुलिस अधीक्षक नगर अमृत जैन, क्षेत्राधिकारी सदर विनय द्विवेदी तथा थाना प्रभारी निरीक्षक सत्यानारायण दहिया के नेतृत्व में की गई। पुलिस ने आवश्यक कानूनी कार्रवाई पूरी करने के बाद तीनों आरोपियों को न्यायालय में पेश किया, जहां से उन्हें न्यायिक अभिरक्षा में जेल भेज दिया गया।
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि जनपद में कानून-व्यवस्था बिगाड़ने और सार्वजनिक स्थानों पर हिंसक घटनाओं को अंजाम देने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई लगातार जारी रहेगी। मेले जैसे सार्वजनिक आयोजनों में हिंसा फैलाने वाले किसी भी आरोपी को बख्शा नहीं जाएगा।

