6 लाख रुपये की उधारी बनी मौत की वजह? दुकान बेचकर बुढ़ाना जाने का दबाव, युवक की मौत के डेढ़ साल बाद पत्नी समेत 4 पर मुकदमा

6 लाख रुपये की उधारी बनी मौत की वजह? दुकान बेचकर बुढ़ाना जाने का दबाव, युवक की मौत के डेढ़ साल बाद पत्नी समेत 4 पर मुकदमा

मुजफ्फरनगर। जानसठ थाना क्षेत्र में करीब डेढ़ साल पहले हुई एक युवक की मौत के मामले में नया कानूनी मोड़ सामने आया है। अदालत के आदेश के बाद थाना जानसठ पुलिस ने मृतक की पत्नी समेत चार लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया है। मृतक के पिता मौ. इस्लाम ने आरोप लगाया है कि छह लाख रुपये के लेनदेन और जानसठ में स्थित दुकान बेचकर बुढ़ाना जाने के दबाव के चलते उनके बेटे को लगातार मानसिक रूप से प्रताड़ित किया गया। उनका दावा है कि इसी मानसिक तनाव और कथित अपमान से परेशान होकर उनके बेटे ने आत्महत्या कर ली।

मृतक के पिता की ओर से अदालत में दिए गए प्रार्थना पत्र पर सुनवाई के बाद पुलिस को मुकदमा दर्ज करने के निर्देश दिए गए। इसके बाद जानसठ पुलिस ने चार नामजद लोगों के खिलाफ मामला दर्ज कर विवेचना शुरू कर दी है।

शादी के बाद दो बेटों का पिता बना था मुस्तुफुजर्रहमान

कस्बा जानसठ के मोहल्ला बेरियान निवासी मौ. इस्लाम के अनुसार, उनके बेटे मुस्तुफुजर्रहमान उर्फ मोनू की शादी बुढ़ाना क्षेत्र के पश्चिमी पछाला गांव निवासी सुल्ताना पुत्री यूनुस के साथ हुई थी। शादी के बाद दोनों के दो बेटे अदीब और इब्राहिम हुए।

मौ. इस्लाम का कहना है कि उन्होंने अपनी पुरानी संपत्ति बेचकर उससे मिली रकम से जानसठ की नई बस्ती स्थित तालड़ा मोड़ पर करीब 100 वर्ग गज का प्लॉट खरीदा था। यह प्लॉट उनके और उनके बेटे के नाम पर था। इसी स्थान पर टायर की दुकान चलती थी और यही दुकान परिवार की आय का प्रमुख साधन बताई गई है।

छह लाख रुपये उधार देने का आरोप

मृतक के पिता का आरोप है कि बेटे की शादी के करीब एक साल बाद उसके ससुर यूनुस ने उनसे और उनके बेटे से छह लाख रुपये उधार लिए थे। रकम वापस करने का वादा किया गया था, लेकिन समय बीतने के बाद भी कथित तौर पर भुगतान नहीं किया गया।

आरोप है कि रकम वापस मांगने पर मृतक की पत्नी सुल्ताना, उसकी मां राशिदा और सुल्ताना के मामा अहसान ने मुस्तुफुजर्रहमान पर दबाव बनाना शुरू कर दिया। कथित तौर पर उससे कहा जाता था कि वह जानसठ की दुकान बेच दे और बुढ़ाना आकर नया प्लॉट लेकर अपना काम शुरू करे।

दुकान बेचने से इनकार पर मानसिक दबाव का आरोप

मौ. इस्लाम के मुताबिक, उनका बेटा जानसठ की दुकान बेचकर बुढ़ाना जाने के लिए तैयार नहीं था। आरोप है कि पत्नी और ससुराल पक्ष की ओर से लगातार दबाव बनाए जाने के कारण वह मानसिक तनाव में रहने लगा था।

शिकायत के मुताबिक, 8 फरवरी 2025 को मुस्तुफुजर्रहमान अपनी ससुराल बुढ़ाना गया था। वहां उसने छह लाख रुपये वापस मांगे। आरोप है कि उसके ससुर यूनुस और सास राशिदा ने रकम लौटाने से इनकार करते हुए दोबारा दुकान बेचकर बुढ़ाना आने का दबाव बनाया।

ससुराल में मारपीट का भी आरोप

मृतक के पिता का आरोप है कि जब मुस्तुफुजर्रहमान ने दुकान बेचने से इनकार किया तो उसके साथ गाली-गलौज और मारपीट की गई। शोर सुनकर बुढ़ाना निवासी आरिफ पुत्र इब्राहिम और आसपास के अन्य लोग मौके पर पहुंचे और बीच-बचाव कर मामला शांत कराया।

शिकायतकर्ता का कहना है कि इस घटना के बाद उनका बेटा और अधिक परेशान रहने लगा था।

पत्नी से विवाद के बाद कही थी ये बात

तहरीर के अनुसार, 16 फरवरी 2025 की शाम करीब साढ़े पांच बजे पत्नी सुल्ताना ने कथित तौर पर मुस्तुफुजर्रहमान पर दोबारा दुकान बेचकर बुढ़ाना जाने का दबाव बनाया। आरोप है कि उसके इनकार करने पर गाली-गलौज और अपमान किया गया।

मृतक के पिता का दावा है कि घर से निकलते समय मुस्तुफुजर्रहमान ने अपनी पत्नी से कहा था कि उसे और उसके मायके वालों ने इतना अपमानित कर दिया है कि अब उसका जीना बेकार लग रहा है।

दुकान में फंदे से लटका मिला था युवक

शिकायत के मुताबिक, उसी रात करीब नौ बजे मौ. इस्लाम अपने दूसरे बेटे शाहनवाज के साथ मुस्तुफुजर्रहमान की दुकान पर पहुंचे। दुकान का शटर नीचे से करीब दो फीट खुला हुआ था। शटर उठाकर अंदर जाने पर उन्होंने मुस्तुफुजर्रहमान को लोहे की सीढ़ी की रेलिंग से रस्सी के सहारे लटका हुआ देखा।

परिजनों के मुताबिक, तब तक उसकी मौत हो चुकी थी। सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर पंचनामा भरने के बाद पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया।

बाद में सामने आई जानकारी से बढ़ा संदेह

मौ. इस्लाम का कहना है कि बेटे की मौत के बाद परिवार सदमे में था और शुरुआती तौर पर उन्हें घटना के पीछे की पूरी जानकारी नहीं थी। परिवार ने उस समय हत्या की आशंका जताते हुए पुलिस को तहरीर भी दी थी।

शिकायतकर्ता के अनुसार, 15 जून 2026 को सुल्ताना की ओर से कथित तौर पर कुछ ऐसी जानकारी सामने आई, जिससे परिवार को मुस्तुफुजर्रहमान पर बनाए जा रहे दबाव के बारे में नए तथ्य मिले। इसके बाद पिता ने आरोप लगाया कि लगातार मानसिक प्रताड़ना और दबाव के कारण उनके बेटे ने आत्मघाती कदम उठाया।

थाने और एसएसपी के बाद अदालत की शरण

नए तथ्यों के सामने आने के बाद मौ. इस्लाम ने 20 जून 2026 को थाना जानसठ में शिकायत देकर कार्रवाई की मांग की। आरोप है कि वहां मुकदमा दर्ज नहीं किया गया। इसके बाद 2 जुलाई 2026 को एसएसपी मुजफ्फरनगर को भी शिकायत दी गई।

पुलिस स्तर पर कार्रवाई नहीं होने का आरोप लगाते हुए मौ. इस्लाम ने अदालत का रुख किया। न्यायालय में दिए गए प्रार्थना पत्र पर सुनवाई के बाद कोर्ट ने थाना जानसठ पुलिस को मुकदमा दर्ज करने के निर्देश दिए।

पत्नी समेत चार लोगों पर मुकदमा दर्ज

अदालत के आदेश के अनुपालन में थाना जानसठ पुलिस ने सुल्ताना पुत्री यूनुस, यूनुस पुत्र वहीद, राशिदा पत्नी यूनुस निवासीगण पश्चिमी पछाला थाना बुढ़ाना तथा अहसान पुत्र सईद उर्फ सीदू निवासी मोहल्ला नूरबाद, कस्बा व थाना शाहपुर के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया है।

पुलिस अब युवक की मौत से पहले की परिस्थितियों, छह लाख रुपये के कथित लेनदेन, दुकान और संपत्ति से जुड़े विवाद तथा ससुराल पक्ष पर लगाए गए मानसिक प्रताड़ना के आरोपों की जांच करेगी।

फिलहाल मुकदमा अदालत के आदेश पर दर्ज हुआ है और आरोपों की पुष्टि विवेचना के बाद ही हो सकेगी। पुलिस का कहना है कि जांच में सामने आने वाले तथ्यों और साक्ष्यों के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।

Comments

No comments yet. Why don’t you start the discussion?

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *