मेरठ। थाना लोहियानगर क्षेत्र में युवक तालिब की संदिग्ध परिस्थितियों में हुई मौत के मामले में पुलिस जांच के दौरान हत्या की आशंका सामने आई है। मृतक की पत्नी इल्मा पर कथित प्रेमी अमन के साथ मिलकर हत्या करने का आरोप है। बताया जा रहा है कि तालिब की मौत के बाद परिजनों को हार्ट अटैक आने की जानकारी दी गई थी, जिसके बाद शव को मुजफ्फरनगर स्थित पैतृक गांव में दफना दिया गया। घटना के करीब चार दिन बाद तालिब का मोबाइल फोन मिलने और उसमें कथित व्हाट्सऐप बातचीत सामने आने के बाद परिजनों का शक गहरा गया। पुलिस ने इल्मा को गिरफ्तार कर लिया है, जबकि अमन और उसके एक साथी की तलाश की जा रही है। मौत की वास्तविक वजह और घटना में शामिल लोगों की भूमिका की पुष्टि जांच तथा पोस्टमार्टम रिपोर्ट से होनी बाकी है।

28 सितंबर की रात हुई थी तालिब की मौत
प्राप्त जानकारी के अनुसार, तालिब अपनी पत्नी इल्मा के साथ मेरठ की जाकिर कॉलोनी में रहता था। दोनों की शादी करीब चार साल पहले हुई थी और उनकी तीन साल की एक बेटी भी है। इल्मा ब्यूटी पार्लर में काम करती थी। आरोप है कि इसी दौरान उसकी जान-पहचान अमन नाम के युवक से हुई और दोनों के बीच नजदीकियां बढ़ गईं।

बताया जा रहा है कि तालिब को पत्नी और अमन के बीच बातचीत तथा कथित संबंधों की जानकारी हो गई थी। इसके बाद उसने अमन को फोन और मैसेज के माध्यम से पत्नी से दूर रहने के लिए कहा था। आरोप है कि इसी बात को लेकर दंपती के बीच तनाव बढ़ने लगा था।
पुलिस के सामने आए आरोपों के मुताबिक, 28 सितंबर 2026 की रात तालिब सो रहा था, तभी कथित तौर पर उसकी गला घोंटकर हत्या कर दी गई। इस मामले में पत्नी इल्मा पर गंभीर आरोप लगाए गए हैं। हालांकि, हत्या के कथित घटनाक्रम और उसमें अन्य लोगों की भूमिका की स्वतंत्र पुष्टि अभी जांच के निष्कर्षों तथा फोरेंसिक साक्ष्यों से होनी बाकी है।
हार्ट अटैक बताकर परिजनों को दी गई थी सूचना
आरोप है कि तालिब की मौत के बाद इल्मा ने अपने ससुराल पक्ष के लोगों को फोन कर बताया कि उसके पति को हार्ट अटैक आया है। सूचना मिलने पर परिजन मौके पर पहुंचे तो तालिब बिस्तर पर मृत मिला। शुरुआत में परिजनों ने मौत की वजह हार्ट अटैक मानी और अगले दिन शव को मुजफ्फरनगर स्थित पैतृक गांव ले जाकर दफना दिया।
परिजनों को शुरुआत में हत्या की आशंका नहीं हुई। मामला सामान्य मौत मानकर आगे बढ़ गया, लेकिन कुछ दिन बाद मिले मोबाइल फोन ने घटनाक्रम को नया मोड़ दे दिया। इसके बाद परिजनों ने मामले को लेकर संदेह जताया और पुलिस जांच में कथित तौर पर नए तथ्य सामने आए।
मोबाइल में मिली बातचीत से बढ़ा संदेह
बताया जा रहा है कि घटना के करीब चार दिन बाद तालिब का मोबाइल फोन घर में कपड़ों के नीचे मिला। फोन में तालिब और अमन के बीच हुई कथित व्हाट्सऐप बातचीत सामने आने के बाद परिजनों को संदेह हुआ। इसके बाद इल्मा से पूछताछ किए जाने की जानकारी सामने आई।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, पूछताछ के दौरान इल्मा ने कथित तौर पर घटना में अपनी भूमिका स्वीकार की। इसके बाद पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर लिया। हालांकि, कथित कबूलनामे और मोबाइल में मिली बातचीत की पुष्टि आधिकारिक जांच, डिजिटल साक्ष्यों और पुलिस के विस्तृत बयान के आधार पर होनी आवश्यक है।
अमन और उसके साथी की तलाश में जुटी पुलिस
मामले में अमन और उसके एक साथी का नाम भी सामने आया है। आरोप है कि उनकी भूमिका कथित साजिश या घटना से जुड़ी हो सकती है। फिलहाल दोनों की तलाश किए जाने की जानकारी दी गई है।
पुलिस यह पता लगाने का प्रयास कर रही है कि तालिब की मौत से पहले और बाद में आरोपियों के बीच क्या बातचीत हुई थी। साथ ही यह भी जांच की जा रही है कि घटना में किसकी क्या भूमिका रही और क्या हत्या की योजना पहले से बनाई गई थी। इन सभी बिंदुओं पर जांच पूरी होने के बाद ही स्थिति स्पष्ट हो सकेगी।
कब्र से शव निकलवाकर पोस्टमार्टम कराने की तैयारी
तालिब के शव को मुजफ्फरनगर स्थित पैतृक गांव में दफनाया जा चुका है। अब हत्या की आशंका सामने आने के बाद शव को कब्र से निकलवाकर पोस्टमार्टम कराने की तैयारी की जा रही है। इसके लिए आवश्यक प्रशासनिक प्रक्रिया पूरी की जानी है।
पोस्टमार्टम और फोरेंसिक जांच से मौत की वास्तविक वजह का पता लगाने में मदद मिल सकती है। रिपोर्ट से यह स्पष्ट करने का प्रयास होगा कि तालिब की मौत प्राकृतिक कारणों से हुई थी या उसकी हत्या की गई। जांच में सामने आने वाले साक्ष्य आगे की कानूनी कार्रवाई के लिए महत्वपूर्ण होंगे।
पुलिस जांच के बाद स्पष्ट होगा पूरा घटनाक्रम
थाना लोहियानगर क्षेत्र के इस मामले में पत्नी की गिरफ्तारी, कथित मोबाइल चैट और दो अन्य लोगों की तलाश जांच के प्रमुख बिंदु हैं। पुलिस की ओर से मामले के विभिन्न पहलुओं की पड़ताल की जा रही है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट, डिजिटल साक्ष्यों और अन्य उपलब्ध प्रमाणों के आधार पर मौत की वजह तथा आरोपियों की कथित भूमिका की पुष्टि की जाएगी।
फिलहाल अमन और उसके साथी की गिरफ्तारी, शव के पोस्टमार्टम और विवेचना के निष्कर्षों पर नजर बनी हुई है। इन प्रक्रियाओं के पूरा होने के बाद ही तालिब की मौत से जुड़े घटनाक्रम की पूरी तस्वीर स्पष्ट हो सकेगी।

