हरिद्वार। उत्तराखंड के हरिद्वार में रानीपुर कोतवाली पुलिस और सीआईयू की संयुक्त टीम ने तमंचे के बल पर स्कूटी, मोबाइल, पर्स और नकदी लूटने की घटना का सोमवार को खुलासा करते हुए चार युवकों को गिरफ्तार किया है।

पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से लूटी गई स्कूटी, मोबाइल फोन, पर्स, नकदी, एक देशी तमंचा, जिंदा कारतूस और चाकू बरामद किया है।
पुलिस के अनुसार 23 मई की रात सीतापुर निवासी सौरभ सती अपनी स्कूटी से सिडकुल क्षेत्र से घर लौट रहे थे। चिन्मय डिग्री कॉलेज के पास पीछे से आए चार स्कूटी सवार युवकों ने उन्हें रोक लिया और तमंचा दिखाकर उनकी स्कूटी, मोबाइल फोन, पर्स तथा पांच हजार रुपये की नकदी लूटकर फरार हो गए। पीड़ित की शिकायत पर रानीपुर कोतवाली में मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू की गई।

पॉश क्षेत्र में हुई इस सनसनीखेज वारदात को गंभीरता से लेते हुए एसएसपी नवनीत सिंह ने तत्काल खुलासे के निर्देश दिए। इसके बाद रानीपुर पुलिस और सीआईयू की संयुक्त टीम गठित की गई। जांच के दौरान पुलिस ने स्थानीय स्तर पर मुखबिर तंत्र को सक्रिय किया और पुराने अपराधियों से पूछताछ की। जांच में सामने आया कि आरोपियों ने वारदात के दौरान गली-मोहल्लों के रास्तों का इस्तेमाल किया था, जिससे उनके स्थानीय होने की आशंका मजबूत हुई।
पुलिस को मुखबिर से सूचना मिली, जिसके आधार पर रेगुलेटर पुल के पास चार संदिग्ध युवकों को स्कूटी सहित रोककर पूछताछ की गई। स्कूटी की नंबर प्लेट संदिग्ध लगने पर इंजन और चेसिस नंबर की जांच की गई, जिसमें वह लूटी गई स्कूटी निकली। आरोपियों ने उस पर फर्जी नंबर प्लेट लगा रखी थी।
तलाशी के दौरान पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से पीड़ित का मोबाइल फोन, पर्स, आधार कार्ड, पैन कार्ड, दो हजार रुपये नकद, एक देशी तमंचा, एक जिंदा कारतूस और एक चाकू बरामद किया। पुलिस के अनुसार आरोपी किसी अन्य वारदात को अंजाम देने की फिराक में थे, लेकिन समय रहते उन्हें दबोच लिया गया।
गिरफ्तार आरोपियों की पहचान कार्तिक सैनी (20), शिवांश उर्फ विलन (21), लक्की (19) और वंश चंचल (20) निवासी हरिद्वार के रूप में हुई है। पुलिस ने सभी आरोपियों के खिलाफ संबंधित धाराओं में कार्रवाई करते हुए उन्हें न्यायालय में पेश किया गया है।

