Posted inMadhya Pradesh शिवराज ने की किसानों के खाते में राशि वितरित Posted by admin October 3, 2022No CommentsPosted inMadhya Pradesh भोपाल। मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने आज राज्य में दो महीने पहले आई बाढ़ के कारण फसल क्षति से प्रभावित किसानों के खातों में करीब 200 करोड़ रुपए की राहत राशि वितरित की। आधिकारिक जानकारी के अनुसार श्री चौहान ने अगस्त 2022 में बाढ़ और अतिवृष्टि के कारण फसल क्षति से प्रभावित लगभग 1.91 लाख से अधिक कृषकों के खातों में 202.64 करोड़ रू की राहत राशि सिंगल क्लिक के माध्यम से वितरित की। श्री चौहान ने वीडियो कांफ्रेंसिंग के माध्यम से हितग्राहियों से चर्चा भी की। इस दौरान उन्होंने कहा कि जनता पर जब संकट आए तो पहली आवश्यकता जिंदगी बचाने की होती है। इसमें हम सफल रहे। मानसून से पहले ही प्रबंधन तंत्र को तैयार रहने के निर्देश दिए थे। बाढ़ में फंसे लोगों को निकालना, राहत शिविर, अस्थाई निवास, भोजन, दवाइयां, मलबा हटाना, शुद्ध पेयजल, दवाइयों के छिड़काव आदि के कार्य युद्ध स्तर पर हुए। संतोष इस बात का है कि कोई जिंदगी नहीं गई। मुख्यमंत्री ने कहा कि आज बाढ़ और अतिवृष्टि प्रभावित 1.91 लाख से अधिक किसानों के खातों में 202.64 करोड़ रुपए से अधिक की राहत राशि वितरित की गई है। इससे पूर्व सरकार पशु हानि, क्षतिग्रस्त मकान व घरेलू सामग्री समेत अन्य चीजों पर 43.87 करोड़ रुपए खर्च कर चुके हैं। हर परिस्थिति में प्रदेश सरकार जनता के साथ खड़ी है। Post Views: 6 admin View All Posts Post navigation Previous Post यूपी की सड़कों पर 10 दिन चलेगा विशेष अभियान, कोई ट्रैफिक नियम तोड़ता दिखे तो इन नंबरों पर कर सकते हैं शिकायतNext Postगांजा पीने के बाद 6 साल के मासूम को उतारा मौत के घाट, आरोपी बोले- भगवान शिव ने सपने में मांगी थी बलि
भोपाल। मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने आज राज्य में दो महीने पहले आई बाढ़ के कारण फसल क्षति से प्रभावित किसानों के खातों में करीब 200 करोड़ रुपए की राहत राशि वितरित की। आधिकारिक जानकारी के अनुसार श्री चौहान ने अगस्त 2022 में बाढ़ और अतिवृष्टि के कारण फसल क्षति से प्रभावित लगभग 1.91 लाख से अधिक कृषकों के खातों में 202.64 करोड़ रू की राहत राशि सिंगल क्लिक के माध्यम से वितरित की। श्री चौहान ने वीडियो कांफ्रेंसिंग के माध्यम से हितग्राहियों से चर्चा भी की। इस दौरान उन्होंने कहा कि जनता पर जब संकट आए तो पहली आवश्यकता जिंदगी बचाने की होती है। इसमें हम सफल रहे। मानसून से पहले ही प्रबंधन तंत्र को तैयार रहने के निर्देश दिए थे। बाढ़ में फंसे लोगों को निकालना, राहत शिविर, अस्थाई निवास, भोजन, दवाइयां, मलबा हटाना, शुद्ध पेयजल, दवाइयों के छिड़काव आदि के कार्य युद्ध स्तर पर हुए। संतोष इस बात का है कि कोई जिंदगी नहीं गई। मुख्यमंत्री ने कहा कि आज बाढ़ और अतिवृष्टि प्रभावित 1.91 लाख से अधिक किसानों के खातों में 202.64 करोड़ रुपए से अधिक की राहत राशि वितरित की गई है। इससे पूर्व सरकार पशु हानि, क्षतिग्रस्त मकान व घरेलू सामग्री समेत अन्य चीजों पर 43.87 करोड़ रुपए खर्च कर चुके हैं। हर परिस्थिति में प्रदेश सरकार जनता के साथ खड़ी है।