लखीमपुर खीरीः उत्तर प्रदेश के लखीमपुर खीरी में एक साल पहले हुए तिकुनिया कांड की आज पहली बरसी मनाई जाएगी। बता दें कि इस तिकुनिया में हुए खूनी संघर्ष में 4 किसानों समेत 8 लोगों की मौत हो गई थी, जिसकी आज सोमवार के दिन 3 अक्टूबर को बरसी मनाई जाएगी। जिसके चलते किसान भारी संख्या में इस कार्यक्रम में शामिल होने के लिए दिल्ली, हरियाणा, पंजाब और उत्तराखंड से तिकुनिया पहुंच रहे है। बरसी के लिए कौड़ियाला गुरुद्वारे के बड़े हॉल में कार्यक्रम का आयोजन किया जाएगा। इस कार्यक्रम में भारतीय किसान यूनियन के राष्ट्रीय प्रवक्ता राकेश टिकैत और उनके साथ कई और मुख्य नेता शामिल होंगे।

बता दें कि सोमवार को कौड़ियाला गुरुद्वारा में बरसी मनाए जाने की तैयारियां लगभग पूरी हो गई हैं। भाकियू समेत संयुक्त किसान मोर्चा के किसान गुरुद्वारा पहुंचने लगे हैं। भाकियू के यूपी उत्तराखंड के प्रभारी बलजिंदर सिंह मान, जिलाध्यक्ष दिलबाग सिंह समेत बाहर से आए किसानों ने गुरुद्वारा में शरण ली है। इस दौरान कार सेवकों का गुरुद्वारे में आना शुरू हो गया है, जिसके चलते लोग भारी संख्या में यहां इकट्ठे हो रहे है। कौड़ियाला गुरुद्वारा के बाबा जत्थेदार बाबा काला सिंह ने बताया कि गुरुद्वारा कौड़ियाला के बने दीवान हाल में बरसी कार्यक्रम संपन्न करने की तैयारियां की जा रही है।

कार्यक्रम के दौरान यह मुद्दे उठाएंगे किसान
इस बरसी मनाने के कार्यक्रम में क्षेत्रीय किसानों सहित किसान नेताओं का भी आगमन होगा। जिसकी जानकारी भारतीय किसान यूनियन के जिला अध्यक्ष दिलबाग सिंह ने दी। उन्होंने बताया कि संयुक्त किसान मोर्चा के सभी घटक दल प्रमुख रूप से शामिल होंगे। भाकियू प्रवक्ता राकेश टिकैत भी कार्यक्रम में भाग लेंगे। सभा के बाद पीएम को संबोधित ज्ञापन डीएम को देने की तैयारी है। इसके अलावा इस कार्यक्रम में केंद्रीय गृह राज्यमंत्री टेनी की बर्खास्तगी और समझौते के बावजूद कोई मांग न पूरी होने की बात को लेकर ज्ञापन सौंपा जाएगा।इसके साथ ही किसान जेल में बंद किसानों की रिहाई का प्रमुख मुद्दा भी उठाएंगे।
यह था तिकुनिया कांड मामला
दरअसल, पिछले साल 3 अक्टूबर 2021 को लखीमपुर खीरी के तिकुनिया थाना क्षेत्र में हिंसा हुई थी। जिसमें आठ लोगों की मौत हो गई थी, और चार किसानों को एक एसयूवी ने कुचल दिया था। इस एसयूवी में आशीष मिश्रा टेनी बैठे थे। यह घटना उस समय हुई जब नरेंद्र मोदी सरकार के तीन कृषि कानूनों का विरोध कर रहे किसान यूपी के उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य के दौरे का विरोध कर रहे थे। इस घटना से गुस्साए किसानों ने तीन लोगों को पीट-पीट कर मार डाला था। इस घटना को तिकुनिया कांड का नाम दिया गया है।