मुजफ्फरनगर। जनपद के थाना भौराकलां क्षेत्र में एक सनसनीखेज वारदात सामने आई। आईटीआई भौराकलां परिसर में स्थित प्रसिद्ध शिव मंदिर के 81 वर्षीय पुजारी स्वामी देवानंद भारती की अज्ञात हमलावरों ने गोली मारकर हत्या कर दी। मंदिर परिसर के भीतर हुई इस वारदात से इलाके में हड़कंप मच गया। घटना की जानकारी मिलते ही पुलिस महकमे में भी हलचल तेज हो गई। वरिष्ठ पुलिस अधिकारी भारी पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे और घटनास्थल का निरीक्षण कर जांच शुरू कर दी।

प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, मोटरसाइकिल पर सवार दो अज्ञात युवक मंदिर परिसर में पहुंचे थे। उन्होंने मंदिर के बाहर रुककर पुजारी को आवाज दी। इसके कुछ ही देर बाद गोली चलने की आवाज सुनाई दी। जब तक पास के क्वार्टर में तैनात पीआरडी जवान मौके पर पहुंचता, तब तक हमलावर फरार हो चुके थे। पुलिस अब वारदात के पीछे की वजह का पता लगाने और आरोपियों की पहचान करने में जुटी है।

मंदिर के बाहर बाइक रोककर पुजारी को दी आवाज
प्रत्यक्षदर्शियों से मिली प्रारंभिक जानकारी के मुताबिक, घटना से कुछ समय पहले दो युवक मोटरसाइकिल से मंदिर परिसर में पहुंचे थे। दोनों ने मंदिर के बाहर बाइक रोकी और पुजारी स्वामी देवानंद भारती को आवाज लगाई। इसके कुछ ही क्षण बाद गोली चलने की तेज आवाज सुनाई दी।
गोली की आवाज सुनकर मंदिर के पास बने क्वार्टर में तैनात पीआरडी जवान तत्काल घटनास्थल की ओर दौड़ा। हालांकि, उसके पहुंचने से पहले ही बाइक सवार हमलावर मौके से भाग चुके थे। इसके बाद घटना की सूचना पुलिस को दी गई। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर जांच शुरू की और वारदात से जुड़े साक्ष्य जुटाए।
मंदिर परिसर में हुई हत्या के बाद आसपास के क्षेत्र में चिंता का माहौल बन गया। पुलिस ने घटनास्थल का निरीक्षण कर आसपास मौजूद लोगों से जानकारी जुटाई, ताकि हमलावरों के आने और फरार होने के रास्ते का पता लगाया जा सके।
डीआईजी, एसएसपी और एसपी देहात ने किया निरीक्षण
हत्याकांड की गंभीरता को देखते हुए डीआईजी सहारनपुर अभिषेक सिंह, एसएसपी सूरज कुमार राय और एसपी देहात अक्षय संजय महाडीक घटनास्थल पर पहुंचे। अधिकारियों ने मंदिर परिसर का निरीक्षण किया और स्थानीय पुलिस से घटना के संबंध में जानकारी ली।
मौके पर फॉरेंसिक टीम और डॉग स्क्वाड को भी बुलाया गया। टीम ने घटनास्थल से महत्वपूर्ण साक्ष्य जुटाए और फिंगरप्रिंट्स सहित अन्य संभावित सबूतों की जांच की। पुलिस को घटनास्थल से एक गोली भी बरामद हुई है। प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, गोली पुजारी के शरीर के आर-पार निकल गई थी।
फॉरेंसिक जांच के जरिए वारदात से जुड़े तथ्यों को स्पष्ट करने का प्रयास किया जा रहा है। पुलिस अधिकारियों ने घटनास्थल की परिस्थितियों का बारीकी से निरीक्षण करते हुए जांच से संबंधित आवश्यक निर्देश भी दिए।
सेना से सेवानिवृत्त थे स्वामी देवानंद भारती
पुलिस के अनुसार, मृतक स्वामी देवानंद भारती मूल रूप से ग्वालियर के निवासी थे। वह सेना से सेवानिवृत्त फौजी थे और भौराकलां स्थित आईटीआई परिसर के शिव मंदिर में पुजारी के रूप में सेवा दे रहे थे।
उनकी उम्र 81 वर्ष बताई गई है। मंदिर परिसर में उनकी हत्या की खबर सामने आने के बाद घटना को लेकर कई सवाल खड़े हो गए हैं। पुलिस इस बात की भी जांच कर रही है कि हमलावर पुजारी से परिचित थे या किसी अन्य कारण से मंदिर पहुंचे थे।
हालांकि, हत्या के पीछे की वास्तविक वजह अभी स्पष्ट नहीं हुई है। पुलिस अधिकारियों के मुताबिक, मामले के सभी संभावित पहलुओं को ध्यान में रखकर जांच की जा रही है।
परिचित व्यक्ति पर भी जांच का फोकस
मौके पर पहुंचे डीआईजी सहारनपुर अभिषेक सिंह ने बताया कि शुरुआती जांच और घटनास्थल की परिस्थितियों को देखते हुए इस संभावना से भी इनकार नहीं किया जा सकता कि हमलावर पुजारी के परिचित रहे हों। हालांकि, यह अभी जांच का विषय है और किसी निष्कर्ष पर पहुंचने से पहले पुलिस सभी तथ्यों की पड़ताल कर रही है।
पुलिस पुजारी के पुराने संपर्कों, परिचितों और संभावित रंजिश से जुड़े पहलुओं की भी जांच कर रही है। अधिकारियों का प्रयास है कि घटना से जुड़े सुरागों को जोड़कर आरोपियों तक पहुंचा जाए। पुलिस आसपास के लोगों से पूछताछ कर रही है और वारदात से पहले तथा बाद की गतिविधियों की जानकारी जुटाई जा रही है।
हत्यारों की तलाश में एसओजी समेत तीन टीमें गठित
मामले के खुलासे के लिए एसएसपी के निर्देश पर तीन विशेष पुलिस टीमें गठित की गई हैं। इनमें एसओजी, सर्विलांस टीम और स्थानीय थाना पुलिस को शामिल किया गया है। टीमों को आरोपियों की पहचान करने और उनकी गिरफ्तारी के लिए आवश्यक कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए हैं।
पुलिस आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाल रही है। खास तौर पर उन रास्तों और स्थानों की रिकॉर्डिंग देखी जा रही है, जहां से बाइक सवार हमलावरों के आने और भागने की संभावना है। फुटेज के आधार पर मोटरसाइकिल और संदिग्ध व्यक्तियों की पहचान करने का प्रयास किया जा रहा है।
इसके साथ ही सर्विलांस की मदद से भी संभावित सुराग जुटाए जा रहे हैं। पुलिस घटना के समय क्षेत्र में मौजूद लोगों की जानकारी एकत्र कर रही है, ताकि जांच को आगे बढ़ाया जा सके।
हत्या की वजह और आरोपियों की गिरफ्तारी पर टिकी निगाहें
भौराकलां के शिव मंदिर में पुजारी की हत्या के बाद अब पुलिस के सामने सबसे बड़ी चुनौती वारदात की वजह का पता लगाना और आरोपियों को गिरफ्तार करना है। मंदिर परिसर में हुई इस घटना ने स्थानीय लोगों को चिंतित कर दिया है।
फिलहाल पुलिस की जांच सीसीटीवी फुटेज, फॉरेंसिक साक्ष्यों, संभावित प्रत्यक्षदर्शियों और पुजारी के संपर्कों पर केंद्रित है। अधिकारियों का कहना है कि सभी पहलुओं की जांच की जा रही है। हत्या के पीछे का कारण और आरोपियों की पहचान जांच पूरी होने के बाद ही स्पष्ट हो सकेगी।

