मीरापुर में बिना अनुमति चल रहा रक्तदान शिविर बंद! खून देते समय युवक बेहोश, पुलिस ने आयोजकों को हिरासत में लिया

मीरापुर में बिना अनुमति चल रहा रक्तदान शिविर बंद! खून देते समय युवक बेहोश, पुलिस ने आयोजकों को हिरासत में लिया

मीरापुर (मुजफ्फरनगर)। कस्बे के थाना चौराहे पर शुक्रवार को कथित तौर पर बिना प्रशासनिक अनुमति लगाए गए मोबाइल रक्तदान शिविर में उस समय हड़कंप मच गया, जब रक्तदान कर रहा एक युवक अचानक अचेत होकर जमीन पर गिर पड़ा। युवक की हालत बिगड़ने के बाद मौके पर मौजूद लोगों ने शिविर की व्यवस्था और रक्त लेने की प्रक्रिया पर सवाल उठाए। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और शिविर संचालित कर रहे लोगों को पूछताछ के लिए हिरासत में लेकर थाने भेज दिया। बाद में स्वास्थ्य विभाग की टीम ने मौके पर पहुंचकर शिविर बंद करा दिया।

वैन में लगाया गया था रक्तदान शिविर

प्राप्त जानकारी के अनुसार थाना चौराहे पर एक वैन खड़ी कर उसमें स्थानीय लोगों से रक्तदान कराया जा रहा था। आसपास के लोगों ने जब शिविर के संबंध में जानकारी ली तो आयोजकों ने स्वयं को ‘सर्वोदय चैरिटेबल ब्लड सेंटर, मुजफ्फरनगर’ से संबद्ध बताया।

शिविर के संचालन के लिए प्रशासनिक अनुमति को लेकर जब स्थानीय लोगों को संदेह हुआ तो उन्होंने इसकी जानकारी सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र जानसठ के प्रभारी डॉ. अर्जुन सिंह को दी। इसी बीच शिविर में रक्तदान कर रहे एक युवक की तबीयत अचानक बिगड़ गई।

रक्तदान करते समय अचानक बेहोश हुआ युवक

खतौली रोड निवासी साहिल (37) उर्फ राजा पुत्र राशिद भी शिविर में रक्तदान कर रहा था। रक्तदान के दौरान अचानक उसकी हालत बिगड़ी और वह अचेत होकर जमीन पर गिर पड़ा। घटना के बाद मौके पर अफरा-तफरी मच गई।

मौके पर मौजूद लोगों ने रक्त लेने की प्रक्रिया को लेकर सवाल उठाए। स्थानीय लोगों का आरोप था कि युवक के शरीर से निर्धारित मात्रा से अधिक रक्त निकाला गया। इसी बात को लेकर वहां हंगामा शुरू हो गया। हालांकि रक्त की वास्तविक मात्रा कितनी निकाली गई, इसकी आधिकारिक पुष्टि जांच के बाद ही स्पष्ट होगी।

पुलिस ने आयोजकों को हिरासत में लिया

युवक के बेहोश होने की सूचना मिलते ही कस्बा इंचार्ज ओमेंद्र सिंह के नेतृत्व में पुलिस टीम मौके पर पहुंची। पुलिस ने स्थिति को संभालते हुए शिविर संचालित कर रहे लोगों को हिरासत में लिया और पूछताछ के लिए थाने भेज दिया।

वहीं, युवक को तत्काल प्राथमिक उपचार दिया गया। इसके बाद सीएचसी प्रभारी डॉ. अर्जुन सिंह और कस्बा इंचार्ज ओमेंद्र सिंह ने मौके पर पहुंचकर युवक की स्थिति की जानकारी ली। एंबुलेंस की मदद से साहिल को सीएचसी जानसठ ले जाकर भर्ती कराया गया।

स्वास्थ्य विभाग ने शिविर कराया बंद

घटना की जानकारी मिलने के बाद स्वास्थ्य विभाग की टीम भी मौके पर पहुंची। टीम ने शिविर में इस्तेमाल किए जा रहे उपकरणों और वहां की व्यवस्थाओं की जांच की। स्वास्थ्य विभाग ने कथित तौर पर बिना अनुमति संचालित किए जा रहे रक्तदान शिविर को तत्काल बंद करा दिया।

सीएचसी प्रभारी डॉ. अर्जुन सिंह के मुताबिक प्राथमिक जांच में युवक का एक पाउंड से अधिक रक्त निकाले जाने की बात सामने आई है। उन्होंने कहा कि रक्त निकालने की निर्धारित मात्रा और शिविर के संचालन से संबंधित सभी पहलुओं की जांच की जा रही है।

जांच के बाद होगी कार्रवाई

स्वास्थ्य विभाग के अनुसार यदि जांच में निर्धारित मात्रा से अधिक रक्त लिए जाने और बिना अनुमति शिविर संचालित किए जाने की पुष्टि होती है तो संबंधित आयोजकों और संस्था के विरुद्ध नियमानुसार कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाएगी।

उधर, उपचार के बाद साहिल की हालत सामान्य और खतरे से बाहर बताई गई है। पुलिस हिरासत में लिए गए लोगों से पूछताछ जारी थी। अब जांच में यह स्पष्ट होना बाकी है कि शिविर किस अनुमति के आधार पर लगाया गया था, रक्त संग्रह के लिए कौन-कौन से मानक अपनाए गए और युवक की तबीयत बिगड़ने के पीछे वास्तविक कारण क्या था।

Comments

No comments yet. Why don’t you start the discussion?

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *