बुढ़ाना (मुजफ्फरनगर)। नगर पंचायत बुढ़ाना ने लंबे समय से संपत्ति कर, गृहकर और जलकर का बकाया जमा नहीं कर पाने वाले करदाताओं को बड़ी राहत दी है। नगर पंचायत ने लंबित करों की वसूली के लिए एकमुश्त समाधान योजना लागू की है। इस योजना के तहत बकायेदारों को ब्याज और पेनल्टी में पूरी छूट मिलेगी और उन्हें केवल मूल कर की राशि जमा करनी होगी।

नगर पंचायत प्रशासन के अनुसार, योजना का लाभ उठाने के लिए करदाताओं के पास करीब चार महीने का समय है। यह विशेष योजना 15 अगस्त 2026 से लागू हो चुकी है और 15 दिसंबर 2026 तक प्रभावी रहेगी। नगर पंचायत का उद्देश्य एक ओर बकायेदार नागरिकों को राहत देना है, वहीं दूसरी ओर लंबे समय से लंबित करों की वसूली को भी गति देना है।

ब्याज और पेनल्टी से मिलेगी पूरी राहत
नगर पंचायत बुढ़ाना के अधिशासी अधिकारी आलोक रंजन ने योजना की जानकारी देते हुए बताया कि एकमुश्त समाधान योजना के तहत गृहकर और जलमूल्य के पुराने बकाये पर लगी पेनल्टी तथा विलंब शुल्क को पूरी तरह माफ किया जाएगा। इसके साथ ही बकाया कर राशि पर अब तक जुड़ा ब्याज भी नहीं लिया जाएगा।
इस योजना का सबसे बड़ा लाभ यह है कि पात्र करदाताओं को अपने पुराने बकाये का निपटारा करने के लिए केवल मूल कर की राशि जमा करनी होगी। ब्याज और पेनल्टी हटने के बाद लंबे समय से बकाया कर जमा करने वालों पर पड़ने वाला अतिरिक्त आर्थिक बोझ काफी कम हो जाएगा।
15 दिसंबर तक उठाना होगा योजना का लाभ
नगर पंचायत प्रशासन ने सभी गृहस्वामियों और करदाताओं से अपील की है कि वे 15 दिसंबर 2026 की अंतिम तिथि से पहले नगर पंचायत कार्यालय पहुंचकर अपने लंबित करों का विवरण प्राप्त करें और योजना के तहत बकाया राशि जमा कराएं।
अधिशासी अधिकारी आलोक रंजन ने कहा कि यह नागरिकों के लिए पुराने बकाये से राहत पाने का महत्वपूर्ण अवसर है। करदाता निर्धारित अवधि के भीतर मूल कर जमा करके अपने पुराने बकाये का निपटारा कर सकते हैं।
समय सीमा निकलने के बाद नहीं मिलेगी छूट
नगर पंचायत ने स्पष्ट किया है कि एकमुश्त समाधान योजना की निर्धारित अवधि समाप्त होने के बाद बकायेदारों को यह छूट नहीं मिलेगी। 15 दिसंबर 2026 के बाद कर जमा करने पर नियमानुसार ब्याज और पेनल्टी फिर से देय होगी।
नगर पंचायत प्रशासन ने नागरिकों से अपील की है कि अंतिम तारीख का इंतजार किए बिना समय रहते अपने कर संबंधी बकाये की जानकारी लें और योजना का लाभ उठाएं। प्रशासन का कहना है कि समय पर कर जमा होने से नगर पंचायत की आय बढ़ेगी और क्षेत्र में सड़क, सफाई, जल निकासी, प्रकाश व्यवस्था तथा अन्य विकास कार्यों को बेहतर तरीके से संचालित करने में मदद मिलेगी।
नगर पंचायत की इस पहल से उन करदाताओं को राहत मिलने की उम्मीद है, जो ब्याज और पेनल्टी बढ़ने के कारण वर्षों से अपना बकाया कर जमा नहीं कर पा रहे थे। अब उन्हें अतिरिक्त शुल्क से राहत के साथ केवल मूल कर जमा कर पुराने बकाये का निपटारा करने का अवसर मिल गया है।

