लखनऊ। उत्तर प्रदेश सरकार के मंत्री ओम प्रकाश राजभर को लेकर कांग्रेस प्रवक्ता सुरेंद्र राजपूत ने तीखा बयान दिया। उन्होंने ओपी राजभर पर गंभीर टिप्पणी करते हुए कहा कि उनकी मानसिक स्थिति ठीक नहीं है और वह रोजाना दिल्ली से, गृह मंत्री की ओर से आए किसी ‘लेटर’ को पढ़कर बयान देते हैं।

सुरेंद्र राजपूत ने कहा, “ओम प्रकाश राजभर मानसिक रूप से परेशान हो गए हैं। हर दिन उन्हें अमित शाह या दिल्ली से कोई पत्र मिलता है, शायद वह व्हाट्सऐप या ईमेल से आता है, और वे वही पढ़कर बयान दे देते हैं। आपको इलाज की जरूरत है। आपकी अपनी सरकार है, योगी की सरकार है, और ब्रजेश पाठक स्वास्थ्य मंत्री हैं। आगरा में मानसिक स्वास्थ्य संस्थान है, आप कुछ दिन वहां रहकर आराम कीजिए। हम आपकी दवाइयों का खर्च भी उठाएंगे।” वहीं उन्होंने ऑल इंडिया मुस्लिम पर्सनल लॉ बोर्ड (एआईएमपीएलबी) के सदस्य मौलाना सज्जाद नोमानी के उस बयान पर भी प्रतिक्रिया दी, जिसमें उन्होंने कहा था कि भारत में हिंदुओं को बहुसंख्यक नहीं माना जाना चाहिए।

इस पर कांग्रेस प्रवक्ता ने कहा कि कुछ लोग टीवी पर दिखने के लिए इस तरह के गैर-जिम्मेदार और बेवकूफी भरे बयान देते रहते हैं। उन्होंने कहा कि कांग्रेस का स्पष्ट रुख है कि देश में जनगणना का काम चल रहा है, जिसमें जाति और धर्म आधारित डेटा भी शामिल है। उन्होंने कहा कि इस प्रक्रिया के परिणाम आने के बाद ही सही और तथ्यात्मक चर्चा होनी चाहिए। इसके अलावा उत्तर प्रदेश में विधानसभा चुनाव से पहले तीसरे मोर्चे के गठन की चर्चाओं पर भी सुरेंद्र राजपूत ने टिप्पणी की। उन्होंने कहा कि चुनाव नजदीक आते ही तीसरे, चौथे और पांचवें मोर्चे की बातें शुरू हो जाती हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि ये वही लोग हैं जो जनता की असली समस्याओं के समय गायब रहते हैं। सुरेंद्र राजपूत ने कहा, “हाथरस कांड हो, भर्ती परीक्षाओं को लेकर प्रदर्शन हो, बेरोजगार युवाओं या शिक्षक अभ्यर्थियों पर पुलिस कार्रवाई हो, ये लोग कहीं नजर नहीं आते। लेकिन चुनाव आते ही ये भाजपा के समर्थन से सामने आते हैं और मतदाताओं को भ्रमित करने की कोशिश करते हैं।”

