औरंगाबाद। भारतीय जनता पार्टी के राज्य महासचिव और औरंगाबाद पूर्व के विधायक अतुल सावे ने कहा कि राज्य के मंत्री छगन भुजबल और विजय वडेट्टीवार ने माना है कि राज्य सरकार द्वारा ओबीसी समुदाय के अनुभवजन्य आंकड़ों में गलतियां हैं। यह जानकारी शुक्रवार को दी गयी।
सावे ने कहा कि राज्य सरकार को मंत्री पद का इस्तेमाल करते हुए इन आंकड़ों को सही करना चाहिए।
सावे ने बीती रात बयान में कहा कि अगर आंकड़ों को इस तरह से प्रस्तुत किया जाएगा तो इसे उच्चतम न्यायालय स्वीकार नहीं करेगा। अगर ऐसा होता है, तो डर है कि ओबीसी कोटे के लिए बिना आरक्षण के चुनाव होंगे।
उन्होंने कहा कि बीते तीन वर्षों से इस सरकार ने ओबीसी समुदाय के राजनैतिक आरक्षण के लिए कोई भी ठोस कदम नहीं उठाया है।
सावे ने कहा कि अगर यही मामला है तो सवाल उठते हैं कि क्या ये मंत्री इस सरकार का हिस्सा बनने के लिए उपयुक्त हैं? क्या ये ओबीसी समुदाय के लिए भी उपयोगी हैं?
उन्होंने पूछा कि राज्य सरकार के अंतर्गत पिछड़ा वर्ग आयोग कार्य कर रहा है तो ऐसी बड़ी गलतियां कैसे हो सकती हैं।
