मुजफ्फरनगर। जनपद में वांछित आरोपियों और अदालत से जारी वारंटियों की गिरफ्तारी के लिए चलाए जा रहे अभियान के तहत खालापार थाना पुलिस को सफलता मिली है। पुलिस ने ऑपरेशन चक्रव्यूह के अंतर्गत कार्रवाई करते हुए अलग-अलग मुकदमों में गैर-जमानती वारंट जारी होने के बाद फरार चल रहे चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार आरोपियों में तीन दहेज उत्पीड़न से जुड़े मामले में वांछित थे, जबकि चौथा आरोपी गोवध निवारण अधिनियम और जानलेवा हमले समेत कई आपराधिक मामलों में वांछित बताया गया है। पुलिस ने चारों को गिरफ्तार कर उनके खिलाफ आगे की कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी है।

वरिष्ठ अधिकारियों के निर्देशन में चल रहा अभियान
खालापार थाना पुलिस के अनुसार, जिले में वांछित अपराधियों और गैर-जमानती वारंटियों की गिरफ्तारी के लिए विशेष अभियान चलाया जा रहा है। यह कार्रवाई वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक सूरज कुमार राय के दिशा-निर्देशों में की जा रही है। अभियान का पर्यवेक्षण पुलिस अधीक्षक नगर अमृत जैन कर रहे हैं, जबकि कार्रवाई का नेतृत्व सहायक पुलिस अधीक्षक एवं क्षेत्राधिकारी नगर के स्तर पर किया जा रहा है।

पुलिस के मुताबिक, अदालत से गैर-जमानती वारंट जारी होने के बाद संबंधित आरोपियों की तलाश की जा रही थी। इसी क्रम में उनके संभावित ठिकानों पर दबिश देकर गिरफ्तारी की कार्रवाई की गई। पुलिस का कहना है कि ऑपरेशन चक्रव्यूह के तहत वारंटियों को चिन्हित कर उनकी गिरफ्तारी के लिए लगातार प्रयास किए जा रहे हैं।
सूजडू क्षेत्र से दानिश, शहनवाज और शमा गिरफ्तार
पुलिस के अनुसार, गिरफ्तार किए गए चार आरोपियों में तीन सूजडू क्षेत्र के निवासी हैं। उनकी पहचान दानिश, शहनवाज और शमा के रूप में हुई है। पुलिस ने बताया कि तीनों सूजडू गांव के मोहल्ला दीन मोहम्मद में ट्रांसफार्मर वाली मस्जिद के पास स्थित गली के रहने वाले हैं।
इन तीनों के खिलाफ महिला थाना मुजफ्फरनगर में दर्ज दहेज उत्पीड़न से संबंधित मामले में अदालत की ओर से गैर-जमानती वारंट जारी किए गए थे। वारंट के आधार पर खालापार थाना पुलिस ने कार्रवाई करते हुए तीनों को गिरफ्तार कर लिया।
दहेज उत्पीड़न के मामले में अदालत से जारी थे वारंट
पुलिस की ओर से दी गई जानकारी के अनुसार, दानिश, शहनवाज और शमा के खिलाफ वाद संख्या 831/19 में गैर-जमानती वारंट जारी किए गए थे। यह मामला महिला थाना मुजफ्फरनगर में दर्ज था। मुकदमे में भारतीय दंड संहिता की धारा 498ए, 323 और 506 के साथ दहेज प्रतिषेध अधिनियम की धाराएं शामिल हैं।
पुलिस ने बताया कि अदालत के आदेश के अनुपालन में तीनों आरोपियों की गिरफ्तारी की गई है। गिरफ्तारी के बाद उनके विरुद्ध नियमानुसार आगे की कानूनी प्रक्रिया की जा रही है।
गोवध और जानलेवा हमले के मामलों में वांछित वसीम भी पकड़ा गया
खालापार पुलिस ने चौथे आरोपी वसीम पुत्र यामीन को भी गिरफ्तार किया है। वह खालापार क्षेत्र की दर्जी वाली गली में मकान संख्या 99 का निवासी बताया गया है। पुलिस के अनुसार, वसीम के खिलाफ विभिन्न थानों में कई आपराधिक मुकदमे दर्ज हैं और संबंधित मामले में अदालत से वारंट जारी था।
पुलिस रिकॉर्ड के मुताबिक, वसीम के खिलाफ मंसूरपुर थाने में मुकदमा संख्या 344/2020 गोवध निवारण अधिनियम की धारा 3, 5 और 8 के तहत दर्ज है। इसके अतिरिक्त कोतवाली नगर में मुकदमा संख्या 190/2020 भी इन्हीं धाराओं के अंतर्गत पंजीकृत बताया गया है।
इसके अलावा मंसूरपुर थाने में मुकदमा संख्या 02/2021 दर्ज है, जिसमें भारतीय दंड संहिता की धारा 147, 148, 149 और 307 शामिल हैं। पुलिस ने संबंधित मामले में जारी वारंट के आधार पर वसीम को गिरफ्तार किया है। उसके खिलाफ दर्ज मुकदमों में आरोपों और उनकी स्थिति के संबंध में अंतिम निर्णय न्यायिक प्रक्रिया के तहत होगा।
प्रभारी निरीक्षक विजय कुमार के नेतृत्व में हुई कार्रवाई
चारों गैर-जमानती वारंटियों की गिरफ्तारी में खालापार थाना पुलिस की टीम शामिल रही। कार्रवाई का नेतृत्व प्रभारी निरीक्षक विजय कुमार ने किया। टीम में उपनिरीक्षक लोकेन्द्र सिंह और हेड कांस्टेबल अजय कुमार के साथ कांस्टेबल संदीप कुमार, पवन कुमार, राहुल कुमार, अंकित कुमार और मोनपाल शामिल रहे। महिला कांस्टेबल पूजा ने भी कार्रवाई में भाग लिया।
पुलिस के अनुसार, ऑपरेशन चक्रव्यूह के तहत वारंटियों और वांछित आरोपियों की गिरफ्तारी का अभियान आगे भी जारी रहेगा। पुलिस का उद्देश्य अदालत से जारी वारंटों का अनुपालन सुनिश्चित करना और फरार चल रहे आरोपियों को गिरफ्तार कर कानूनी प्रक्रिया के दायरे में लाना है।

