मुजफ्फरनगर। जनपद के वार्ड संख्या 34 लद्धावाला के निवासियों का सब्र उस समय जवाब दे गया जब क्षेत्र में लंबे समय से चली आ रही समस्याओं का समाधान नहीं हुआ। परेशान क्षेत्रवासियों ने जिलाधिकारी कार्यालय पहुंचकर प्रदर्शन किया और विभिन्न जनसमस्याओं के निराकरण की मांग को लेकर ज्ञापन सौंपा। इस दौरान वार्ड सभासद पति नदीम खान भी लोगों के साथ मौजूद रहे और संबंधित विभागों की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े किए।

प्रदर्शन के दौरान क्षेत्रवासियों ने आरोप लगाया कि विभागीय उदासीनता के चलते वार्ड में सीवर ओवरफ्लो, जर्जर बिजली व्यवस्था और आवारा कुत्तों का आतंक गंभीर समस्या बन चुका है। कई बार शिकायत करने के बावजूद जिम्मेदार विभाग समस्या के स्थायी समाधान की दिशा में कोई प्रभावी कदम नहीं उठा रहे हैं।

लोगों का कहना है कि क्षेत्र की सीवर लाइनें बढ़ती आबादी के अनुरूप नहीं हैं, जिसके कारण हल्की बारिश होते ही रामपुरी और लद्धावाला क्षेत्र जलमग्न हो जाता है। गलियों और सड़कों पर भरा गंदा पानी घरों, स्कूलों और धार्मिक स्थलों तक पहुंच जाता है। इससे न केवल आम जनजीवन प्रभावित हो रहा है, बल्कि संक्रामक बीमारियों के फैलने का खतरा भी बढ़ गया है।
वार्ड सभासद पति नदीम खान ने बताया कि आबकारी रोड तथा होज वाली मस्जिद की गली में बिजली के तार अत्यंत जर्जर अवस्था में हैं और कई स्थानों पर नीचे लटक रहे हैं। ऐसी स्थिति में कभी भी बड़ा हादसा हो सकता है। उन्होंने कहा कि क्षेत्र के कई हिस्सों में अब तक बिजली के खंभे नहीं लगाए गए हैं, जिससे लोगों को रोजमर्रा की परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।
प्रदर्शनकारियों ने आवारा कुत्तों की बढ़ती संख्या पर भी चिंता व्यक्त की। उन्होंने बताया कि हाल ही में एक महिला और तीन वर्षीय बच्ची पर कुत्तों ने हमला कर दिया था, जिसके बाद क्षेत्र में भय का माहौल बना हुआ है। बच्चों और बुजुर्गों के लिए घर से बाहर निकलना भी जोखिम भरा हो गया है।
इस दौरान अनीस, कुलदीप जैन, इनाम, नौशाद, शफीक समेत बड़ी संख्या में स्थानीय नागरिक मौजूद रहे। सभी ने एक स्वर में प्रशासन से तत्काल कार्रवाई की मांग की। क्षेत्रवासियों ने चेतावनी दी कि यदि जल्द ही समस्याओं का समाधान नहीं किया गया तो वे बड़े स्तर पर आंदोलन करने को मजबूर होंगे, जिसकी जिम्मेदारी प्रशासन की होगी।
जिलाधिकारी को सौंपे गए ज्ञापन में क्षेत्रवासियों ने सीवर व्यवस्था को दुरुस्त करने, जर्जर बिजली तारों को बदलने, नए बिजली खंभे स्थापित करने तथा आवारा कुत्तों की समस्या के स्थायी समाधान की मांग की है। वहीं प्रशासन की ओर से मामले को गंभीरता से लेते हुए संबंधित विभागों को आवश्यक कार्रवाई के निर्देश देने का आश्वासन दिया गया है।

