नोएडा। उत्तर प्रदेश के नोएडा शहर के थाना नॉलेज पार्क क्षेत्र स्थित कलाधाम सोसायटी के पास बोरिंग कार्य के लिए खोदे गए करीब 20 फीट गहरे गड्ढे में डूबकर छह वर्षीय मासूम अव्यान सूर्या की मौत के मामले में थाना नॉलेज पार्क पुलिस ने रविवार को आरोपित ठेकेदार को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस ने मामले में ठेकेदार अंसल सुशांत एक्वापोलिस क्रॉसिंग गाजियाबाद निवासी मनोज जैन को गिरफ्तार किया है। वहीं, सीईओ रवि कुमार एनजी ने दो तकनीकी सुपरवाइजर को निलंबित कर दिया है। वरिष्ठ प्रबंधक, प्रबंधक और अवर अभियंता के खिलाफ जांच बिठा दी गई है।

ग्रेटर नोएडा विकास प्राधिकरण के मुख्य कार्यपालक अधिकारी रवि कुमार एनजी ने बताया कि कला धाम सोसाइटी में छह साल के बच्चे की मौत मामले में दो तकनीकी सुपरवाइजर को निलंबित कर दिया है। वहीं वरिष्ठ प्रबंधक, प्रबंधक और अवर अभियंता के खिलाफ जांच बिठा दी गई है। सीईओ ने बताया कि यह बोरवेल सेक्टर के अंदर नहीं होना चाहिए था, ऐसा किसकी अनुमति और सहमति से हुआ, इसकी जांच जरूरी है। जीएम प्रोजेक्ट एके सिंह को 48 घंटे में जांच कर रिपोर्ट देने के लिए कहा है। इसके बाद अन्य जिम्मेदारों पर कार्रवाई होगी। किसी भी जिम्मेदार को बख्शा नहीं जाएगा।

सीईओ बताया कि जब ट्यूबवेल और पंपहाउस को ग्रीन बेल्ट में बनाने का नियम है तो इसे सेक्टर के अन्दर बनाना ही गलत है। ऊपर से गहरा गढ्ढा करने पर बैरिकेड भी ठीक से नहीं किया गया। यह गंभीर लापरवाही है। अधिकारियों को मौके पर भी भेजा है जिससे सही रिपोर्ट मिले।
शनिवार की रात को केंद्रीय विद्यालय के उप प्रधानाचार्य सीवान यादव का छह वर्षीय बेटा अव्यान सूर्या कलाधाम सोसायटी के पास अन्य बच्चों के साथ खेल रहा था। इसी दौरान वह प्राधिकरण की ओर से बोरिंग कार्य के लिए खोदे गए गहरे गड्ढे के पास पहुंच गया था। बारिश के कारण गड्ढा पूरी तरह पानी से भरा हुआ था। अचानक पैर फिसलने से बच्चा उसमें गिर गया। बच्चों के शोर मचाने पर आसपास के लोग मौके पर पहुंचे और काफी मशक्कत के बाद उसे बाहर निकालकर यथार्थ अस्पताल ले गए, जहां चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया। आरोप है कि गड्ढा कई दिन पहले खोदा गया था, लेकिन उसके चारों ओर न तो बैरिकेडिंग की गई थी और न ही कोई चेतावनी बोर्ड लगाया गया था।
बारिश के पानी से गड्ढा पूरी तरह भर जाने के कारण उसकी गहराई का अंदाजा लगाना भी मुश्किल हो गया था। लोगों का कहना है कि यदि सुरक्षा मानकों का पालन किया गया होता तो यह दर्दनाक हादसा टाला जा सकता था। घटना के बाद परिजनों की तहरीर पर पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू की थी। जांच के दौरान सामने आए तथ्यों के आधार पर पुलिस ने आरोपी ठेकेदार को गिरफ्तार कर लिया। डीसीपी ग्रेटर नोएडा रवि शंकर निम का कहना है कि आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है।

