दरअसल शुरूआत से ही ये मैच टीम इंडिया के पक्ष में रहा। शिखर धवन ने टॉस जीता और बल्लेबाजी चुनी। धवन और गिल ने टीम इंडिया को शानदार शुरूआत दी। दोनों ने पहले विकेट के लिए शतकीय साझेदारी जमाते हुए 113 रन जोड़े। धवन इसके बाद आउट हो गए। उन्होंने 74 गेंदों में 58 रन बनाए।

धवन के आउट होने के बाद बारिश शुरू हो गई थी। टीम इंडिया का स्कोर उस समय 115 रन था। इसके बाद तगड़ी बारिश हुई और मैच देरी से शुरू हुआ। मैच जब शुरू हुआ तो 40 ओवर का कर दिया। गिल एक छोर पर डटे थे और अय्यर के साथ भी उनकी अच्छी साझेदारी हुई। दोनों ने दूसरे विकेट के लिए 86 रन जोड़े। अय्यर ने 34 गेंदों मे 44 रन बनाए। 34वें ओवर में एक बार फिर बारिश शुरू हो गई थी। टीम का स्कोर 211 रन था।

सूर्यकुमार याद इस बार भी कुछ खास कमाल नहीं दिखा पाए और 8 रन बनाकर आउट हो गए थे। टीम इंडिया का स्कोर 36वें ओवर में तीन विकेट के नुकसान पर 225 रन था और बारिश शुरू हो गई थी। गिल 98 रन और संजू सैमसन 6 रन बनाकर नाबाद रहे। वेस्टइंडीज की तरफ से वॉल्श ने दो और अकील ने एक विकेट लिया।
खेल जब शुरू हुआ तो वेस्टइंडीज को 35 ओवर में 257 रनों का लक्ष्य मिला। इस लक्ष्य का पीछा करते हुए विंडीज की टीम शुरूआत में ही लड़खड़ा गई। टीम ने कोई रन बनाया था और दो विकेट भारतीय टीम ने ले लिए थे। इसके बाद विंडीज टीम बिल्कुल भी संभल नहीं पाई। ब्रैंडन किंग और निकोलस पूरन ने 42-42 रनों की पारी खेली। इनके आउट होने के बाद तो पूरी टीम सस्ते में निपट गई। वेस्टइंडीज की पारी 137 रनों पर समाप्त हो गई।
टीम इंडिया की तरफ से स्पिनर युजवेंद्र चहल ने चार विकेट लिए। इसके अलावा सिराज और शार्दुल ठाकुर ने 2-2 विकेट लिए। टीम इंडिया ने 3-0 से ये सीरीज पूरी तरह अपने नाम कर ली। ये बहुत ही शानदार जीत इस बार टीम की रही। बल्लेबाजों और गेंदबाजों ने इस सीरीज में बहुत ही जबरदस्त प्रदर्शन किया।