गुडग़ांव,(अशोक)। राष्ट्रीय राजमार्ग स्थित खेडक़ीदौला टोल
प्लाजा प्रबंधन को लेकर क्षेत्रवासी विभिन्न प्रकार के आरोप लगाते रहे
हैं। टोल प्लाजा पर कई अप्रिय घटनाएं भी घटित होती रही हैं। ये शिकायतें प्रदेश सरकार तक भी पहुंचती रही हैं। प्रदेश के परिवहन आयुक्त के आदेश के बाद खेडक़ीदौला टोल प्लाजा की मिली शिकायतों की जांच की गई थी। जांच में कई अनियमितताएं भी पाई गई हैं। जिसकी रिपोर्ट जिला प्रशासन को सौंप दी गई हैं। जिला प्रशासन टोल प्रबंधन को नोटिस जारी कर आगे की कार्यवाही करेगा। बताया जाता है कि परिवहन आयुक्त ने प्रदेश के सभी टोल प्लाजा की जांच करने के आदेश दिए थे और जांच की रिपोर्ट परिवहन विभाग को भेजने के लिए कहा गया था। खेडक़ीदौला टोल प्लाजा की जांच एसडीएम अंकिता चौधरी ने की है। उनका कहना है कि टोल प्लाजा पर कई खामियां पाई गई हैं। टोल प्लाजा पर इमरजेंसी लाईन का बोर्ड तो लगाया गया है, लेकिन इसे सामान्य लाईन में तब्दील किया गया है। प्लाजा पर मौजूदा एंबूलैंस का फिटनेस सर्टिफिकेट एक्सपायर डेट का मिला। एंबूलैंस में केवल बेसिक फस्र्ट एड किट मिली। एंबूलैंस में नियमानुसार 2 मेडिकल स्टाफ की तैनाती होनी जरुरी है, लेकिन एक ही मेडिकल स्टाफ मिला। बताया जाता है कि जांच में यह खामियां भी मिली कि क्रेन, फायर सेफ्टी उपकरण, रिपेयर व्हीकल की व्यवस्था भी नहीं थी। अब जिला प्रशासन टोल प्रबंधन को कारण बताओ नोटिस देकर इन खामियों कोनिर्धारित समय में दूर करने के निर्देश देने की तैयारी में जुटा है।


