कानपुर। उत्तर प्रदेश के कानपुर नगर में गंगा का जलस्तर सोमवार को खतरे और चेतावनी बिंदु से नीचे पहुंच गया। कानपुर बैराज के अपस्ट्रीम में जलस्तर 113.58 मीटर और डाउनस्ट्रीम में 112.89 मीटर दर्ज किया गया। गणेश प्रतिमाओं का विसर्जन शुरू होने के चलते घाटों पर श्रद्धालुओं की भीड़ बढ़ने लगी है। सुरक्षा व्यवस्था को लेकर पुलिस और प्रशासन को विशेष सतर्कता बरतने के निर्देश जिलाधिकारी जितेंद्र प्रताप सिंह ने दिए।

शुक्लागंज में गंगा का जलस्तर 111.73 मीटर दर्ज किया गया। कानपुर बैराज पर चेतावनी स्तर 114 और खतरे का निशान 115 मीटर है, जबकि शुक्लागंज में चेतावनी स्तर 113 और खतरे का निशान 114 मीटर निर्धारित है। बैराज से 1,87,750 क्यूसेक पानी का डिस्चार्ज दर्ज किया गया। वहीं हरिद्वार बैराज से 59,403 और नरौरा बैराज से 31,900 क्यूसेक पानी छोड़ा गया है।

गणेश विसर्जन को देखते हुए शहर के प्रमुख घाटों पर पुलिस बल तैनात किया गया है। घाटों पर भीड़ को नियंत्रित करने के साथ श्रद्धालुओं को गहरे पानी में जाने से रोकने के लिए बैरिकेडिंग की गई है। पुलिसकर्मियों के अलावा गोताखोरों और नावों की व्यवस्था भी रखी गई है। अधिकारियों को घाटों पर लगातार निगरानी रखने और किसी भी स्थिति में तत्काल मदद पहुंचाने के निर्देश दिए गए हैं।
प्रशासन की ओर से घाटों पर सुरक्षा व्यवस्था के साथ साफ-सफाई और प्रकाश की व्यवस्था पर भी नजर रखी जा रही है। विसर्जन के दौरान नदी में बढ़ती भीड़ को देखते हुए पुलिसकर्मियों को लगातार गश्त करने के निर्देश दिए गए हैं। श्रद्धालुओं से निर्धारित स्थानों पर ही प्रतिमाओं का विसर्जन करने और सुरक्षा व्यवस्था का पालन करने की अपील की गई है।

