गाजियाबाद। उत्तर प्रदेश के गाजियाबाद में स्थित पंडित दीनदयाल उपाध्याय सभागार में रविवार काे आयोजित ब्रह्म समागम में उत्तर प्रदेश के उपमुख्यमंत्री बृजेश पाठक ने भाग लिया। इस अवसर पर उन्होंने ब्राह्मण समाज की गौरवशाली परंपरा, त्याग, समर्पण और राष्ट्रवाद को रेखांकित करते हुए समाज को एकजुट होकर राष्ट्र निर्माण में अपनी भूमिका निभाने का वहां मौजूद जन समुदाय से आह्वान किया।

उपमुख्यमंत्री बृजेश पाठक लोगों को संबोधित करते हुए कहा कि ब्राह्मण सदैव राष्ट्र को सर्वोपरि रखता है। हमारी परंपरा समाज को देने की रही है। समाज निर्माण में ब्राह्मण समाज द्वारा दिए गए संस्कार आज भी नई पीढ़ी को दिशा देने का कार्य कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि दधीचि जैसे तपस्वी ऋषि इसी त्याग और समर्पण की परंपरा के प्रतीक हैं, जिन्होंने अपनी अस्थियों तक का दान कर समाज और राष्ट्र कल्याण का अनुपम उदाहरण प्रस्तुत किया।

उन्होंने कहा कि ब्राह्मण समाज बिना किसी स्वार्थ और लालच के समाज कल्याण में विश्वास रखता है। समाज को संगठित, संस्कारित और सुव्यवस्थित बनाने की आवश्यकता पर जोर देते हुए उन्होंने कहा कि किसी भी प्रकार की आसुरी शक्ति हमारे समाज को भ्रमित या विभाजित नहीं कर सकती। बुद्धि और विवेक से संपन्न इस समाज की रगों में त्याग और समर्पण की भावना कूट-कूटकर भरी है। उपमुख्यमंत्री ने कहा कि ब्राह्मण समाज को अपनी गौरवशाली परंपराओं को आगे बढ़ाते हुए सामाजिक एकता, संस्कार और राष्ट्र निर्माण में अपनी महत्वपूर्ण भूमिका निभानी चाहिए। उन्होंने समाज की एकजुटता को समय की आवश्यकता बताते हुए राष्ट्रहित को सर्वोपरि रखने का संदेश दिया।
कार्यक्रम प्रारंभ से पहले उत्तर प्रदेश के वरिष्ठ नेता एवं राजस्थान के पूर्व राज्यपाल कलराज मिश्रा की धर्मपत्नी स्वर्गीय सत्यवती देवी के निधन पर गहरा दुख व्यक्त किया गया और आत्मा की शांति के लिए 2 मिनट का मौन धारण किया गया। कार्यक्रम के आयोजक आर.डी. शर्मा ने उपस्थित सभी अतिथियों एवं समाज के गणमान्य लोगों का स्वागत किया। आर.डी. शर्मा ने पश्चिमी उत्तर प्रदेश से आए सभी ब्राह्मण समाज के लोगों एवं जनप्रतिनिधियों का आभार व्यक्त करते हुए ब्राह्मण समाज की एकजुटता का आह्वान किया।
इस अवसर पर शहर विधायक संजीव शर्मा, विधान परिषद सदस्य सुनील भराला, नानक चंद शर्मा, अमरेश शर्मा, धर्मेंद्र भारद्वाज, लोकेश दीक्षित, आरती शर्मा (बागपत), आरती त्यागी, आदेश फौजी, प्रदीप शर्मा, सुनील शर्मा, महेंद्र दत्त शर्मा, पंकज मुद्गल, विशाल गोस्वामी, मनीष भार्गव, अंकुर शर्मा, विनय शर्मा सहित ब्राह्मण समाज के अनेक प्रतिष्ठित लोग उपस्थित रहे।

