मुजफ्फरनगर। त्योहारी सीजन से पहले खाद्य पदार्थों में मिलावट के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत छपार थाना पुलिस और खाद्य सुरक्षा विभाग की संयुक्त टीम ने बड़ी कार्रवाई की है। टीम ने कस्बा छपार में कथित तौर पर नकली मावा तैयार करने के आरोप में एक व्यक्ति को गिरफ्तार किया है। छापेमारी के दौरान मौके से करीब 10 कुंतल तैयार नकली मावा बरामद हुआ। खाद्य सुरक्षा विभाग ने मावे के नमूने लेने के बाद उसे नियमानुसार मौके पर ही नष्ट करा दिया। इसके अलावा नकली मावा तैयार करने में इस्तेमाल होने वाली बड़ी मात्रा में सामग्री, खाद्य पदार्थ और उपकरण भी बरामद किए गए हैं।

पुलिस के अनुसार थाना छपार पुलिस को मुखबिर से सूचना मिली थी कि कस्बा छपार में एक व्यक्ति बड़े पैमाने पर नकली मावा तैयार कर रहा है। तैयार मावे को मुजफ्फरनगर की मावा मंडी में सप्लाई किए जाने की सूचना भी पुलिस को मिली थी। सूचना को गंभीरता से लेते हुए थाना छपार पुलिस और खाद्य सुरक्षा विभाग की संयुक्त टीम गठित की गई और बताए गए स्थान पर दबिश दी गई।

टीम के मौके पर पहुंचने पर वहां एक व्यक्ति कथित रूप से नकली मावा तैयार करता मिला। पुलिस और खाद्य विभाग की टीम ने तत्काल कार्रवाई करते हुए उसे मौके से गिरफ्तार कर लिया। गिरफ्तार आरोपी की पहचान टिन्कु पुत्र चंद्रभान निवासी छपार, थाना छपार, मुजफ्फरनगर के रूप में हुई है।
मौके से मिला 10 कुंतल तैयार नकली मावा
छापेमारी के दौरान संयुक्त टीम को मौके पर करीब 10 कुंतल तैयार मावा मिला। खाद्य सुरक्षा विभाग की टीम ने नियमानुसार मावे के नमूने लिए। सैंपल लेने की कार्रवाई पूरी होने के बाद पूरे तैयार मावे को मौके पर ही नष्ट करा दिया गया।
पुलिस और खाद्य विभाग की अचानक हुई इस कार्रवाई से क्षेत्र में नकली मावा तैयार करने और उसकी सप्लाई करने वालों में हड़कंप मच गया। अधिकारियों ने मौके से बड़ी मात्रा में ऐसी सामग्री भी बरामद की, जिसका इस्तेमाल कथित तौर पर नकली मावा तैयार करने में किया जा रहा था।
बरामद सामान में नंदानी ब्रांड के एसएमपी के 25 बोरे, वनस्पति घी के 10 टिन और 45 खाली टिन शामिल हैं। इसके अलावा इंटरएस्टेरिफाइड वेजिटेबल फैट के तीन पैकेट, इसबगोल की भूसी के 15 पैकेट, 30 किलोग्राम सेलखड़ी पाउडर और एक किलोग्राम हाइड्रो भी बरामद किया गया है।
बॉयलर, कड़ाही और मिक्सर भी बरामद
नकली मावा तैयार करने के लिए मौके पर बाकायदा उपकरणों का इस्तेमाल किए जाने की बात सामने आई है। पुलिस ने वहां से एक बॉयलर, मावा पकाने के लिए इस्तेमाल होने वाली दो बड़ी कड़ाही और एक मिक्सर मशीन बरामद की है। सभी सामान और उपकरणों को पुलिस ने कब्जे में लेकर मामले की जांच में शामिल कर लिया है।
मौके की स्थिति से अंदाजा लगाया जा रहा है कि यहां छोटे स्तर पर नहीं बल्कि बड़े पैमाने पर मावा तैयार किया जा रहा था। पुलिस और खाद्य सुरक्षा विभाग अब यह पता लगाने में जुटे हैं कि यह गतिविधि कितने समय से चल रही थी और तैयार मावे की सप्लाई कहां-कहां की जाती थी।
कम लागत में तैयार कर मंडी में बेचने का आरोप
पुलिस की शुरुआती पूछताछ में आरोपी टिन्कु से नकली मावे की कथित सप्लाई को लेकर कई जानकारियां मिलने की बात सामने आई है। पुलिस के अनुसार आरोपी ने बताया कि वह कम लागत में नकली मावा तैयार करता था और इसके बाद उसे मुजफ्फरनगर की मावा मंडी में एक आढ़ती को बेचता था।
पुलिस के मुताबिक पूछताछ में यह भी सामने आया है कि कथित तौर पर आढ़ती इस मावे को बाजार में अधिक कीमत पर बेचता था और उससे होने वाले मुनाफे को आपस में बांट लिया जाता था। हालांकि पुलिस अब इन बयानों की स्वतंत्र रूप से जांच कर रही है।
पूछताछ में सामने आए तथ्यों के आधार पर पुलिस अब मावा मंडी से जुड़े लोगों की भूमिका की भी जांच कर रही है। पुलिस यह पता लगाने में जुटी है कि गिरफ्तार आरोपी के अलावा इस कथित कारोबार में कौन-कौन लोग शामिल हैं और तैयार मावा किन-किन स्थानों पर पहुंचाया जाता था।
खाद्य विभाग ने लिए नमूने, नष्ट कराया मावा
खाद्य सुरक्षा विभाग की टीम ने मौके पर तैयार मावे के नमूने लिए हैं। विभाग अब नमूनों की जांच प्रक्रिया आगे बढ़ाएगा। इसके साथ ही मौके से बरामद विभिन्न सामग्रियों की भी जांच की जा रही है, ताकि यह स्पष्ट हो सके कि उनका इस्तेमाल किस प्रकार किया जा रहा था और खाद्य सुरक्षा मानकों का कितना उल्लंघन हुआ।
त्योहारी सीजन में मावे और उससे तैयार होने वाली मिठाइयों की मांग बढ़ जाती है। ऐसे में बड़ी मात्रा में कथित नकली मावा तैयार किए जाने का मामला सामने आने से खाद्य सुरक्षा को लेकर भी गंभीर सवाल खड़े हुए हैं। विभाग की कार्रवाई का उद्देश्य मिलावटी और असुरक्षित खाद्य पदार्थों को बाजार तक पहुंचने से रोकना बताया गया है।
छपार थाने में मुकदमा दर्ज
पुलिस ने गिरफ्तार आरोपी टिन्कु के खिलाफ थाना छपार में मुकदमा संख्या 177/2026 दर्ज किया है। मामले में भारतीय न्याय संहिता की धारा 112, 123, 274, 275 और 318(4) के तहत कार्रवाई की गई है। पुलिस आरोपी से पूछताछ कर रही है और उसके कथित नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों की जानकारी जुटाई जा रही है।
पुलिस इस बात की भी जांच कर रही है कि आरोपी कब से नकली मावा तैयार कर रहा था और अब तक कितनी मात्रा में मावा बाजार में सप्लाई किया जा चुका है। मावा मंडी के आढ़ती समेत अन्य संभावित लोगों की भूमिका की भी जांच की जा रही है।
वरिष्ठ अधिकारियों के निर्देशन में हुई कार्रवाई
यह कार्रवाई वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों के निर्देशन में पुलिस और खाद्य सुरक्षा विभाग की संयुक्त टीम ने की। अभियान में पुलिस अधीक्षक नगर अमृत जैन, क्षेत्राधिकारी सदर सुनील कुमार और थाना छपार प्रभारी मोहित कुमार के नेतृत्व में पुलिस टीम शामिल रही। खाद्य सुरक्षा विभाग की ओर से एसीएफ टू अर्चना धीरान अपनी टीम के साथ मौके पर मौजूद रहीं।
अधिकारियों के अनुसार त्योहारी सीजन को देखते हुए मिलावटखोरों के खिलाफ अभियान आगे भी जारी रहेगा। पुलिस और खाद्य विभाग अब इस बात की पड़ताल कर रहे हैं कि छपार में पकड़े गए कथित नकली मावे का नेटवर्क कितना बड़ा है और इसमें किन-किन लोगों की भूमिका है।
बड़ी मात्रा में तैयार मावा, कच्चा माल और उसे तैयार करने के उपकरण बरामद होने के बाद यह कार्रवाई इलाके में चर्चा का विषय बनी हुई है। पुलिस का कहना है कि जांच में जिन लोगों की भूमिका सामने आएगी, उनके खिलाफ नियमानुसार कानूनी कार्रवाई की जाएगी।

