मऊ। उत्तर प्रदेश के मऊ जिले में दोहरीघाट थाना क्षेत्र के कुसुमा गांव के पास पुलिस और ट्रकों से डीजल चोरी करने वाले गैंग के बीच मुठभेड़ हो गई। पुलिस को गिरोह की गतिविधियों की सूचना मिलने के बाद तीन थानों की संयुक्त टीम ने घेराबंदी की। खुद को घिरता देख बदमाशों ने भागने का प्रयास किया, जिसके दौरान पुलिस और आरोपियों के बीच मुठभेड़ हो गई।

मुठभेड़ में उपेन्द्र राजभर पुत्र सुभाष राजभर निवासी शत्रुघ्नपुर, थाना चौरी चौरा, जनपद गोरखपुर के पैर में गोली लग गई। घायल आरोपी को पुलिस ने गिरफ्तार कर उपचार के लिए अस्पताल भेज दिया। उसके कब्जे से एक देशी तमंचा .315 बोर, एक खोखा कारतूस तथा एक जिंदा कारतूस बरामद किया गया। पुलिस ने मौके से त्रिपेश दूबे पुत्र घनश्याम दूबे निवासी भोपा बाजार, चौरी चौरा, गोरखपुर को भी गिरफ्तार किया, जिसके पास से 12 बोर का कट्टा, एक मिस कारतूस और एक जिंदा कारतूस बरामद हुआ।

पुलिस जांच में सामने आया है कि यह गिरोह हाईवे किनारे खड़े ट्रकों के टैंकों से डीजल चोरी कर उसे अवैध रूप से बेचता था। मामले में धीरज पुत्र राजकुमार तथा नितेश उर्फ बाबूलाल पासवान के नाम भी प्रकाश में आए हैं। पुलिस आरोपियों से पूछताछ कर गिरोह के नेटवर्क और अन्य आपराधिक गतिविधियों की जानकारी जुटा रही है।
सीओ घोसी जितेंद्र कुमार सिंह ने इस मामले में अजू, आदित्य जायसवाल और कृष्णा गौंड को वांछित घोषित किया है तथा उनकी तलाश के लिए अभियान चलाया जा रहा है। अधिकारियों के अनुसार गिरफ्तार आरोपियों के आपराधिक इतिहास की भी जांच की जा रही है। पुलिस का कहना है कि गिरोह के सभी सदस्यों की गिरफ्तारी तक कार्रवाई जारी रहेगी, जिससे ट्रक चालकों और परिवहन कारोबारियों को राहत मिल सके।

