Posted inदेश-विदेश ब्रोयाना टेलर की मौत के जिम्मेदार अमेरिकी पुलिस अधिकारी गिरफ्तार Posted by admin August 5, 2022No CommentsPosted inदेश-विदेश वाशिंगटन। अमेरिका में ब्रायोना टेलर की मौत के आरोप में चार अमेरिकी पुलिस अधिकारियों को गिरफ्तार किया गया है। जो 2020 में एक पुलिस तलाश अभियान के दौरान मारी गई थी। पूरे अमेरिका में 2020 में नस्लवाद के खिलाफ विरोध को प्रेरित करने के लिए टेलर के साथ मिनेसोटा में जॉर्ज फ्लॉयड और जॉर्जिया में अहमौद एर्बी की मौत हुई थी। टेलर को 13 मार्च, 2020 को लुइसविले, केंटकी में उसके घर में पुलिस ने सादे कपड़ों में मारा था, क्योंकि वे ‘नो-नॉक’ सर्च वारंट लेकर आए थे। इस 26 वर्षीय अस्पताल कर्मी को पुलिस अधिकारियों ने गोली मार दी गई थ। पुलिस अधिकारियों ने देर रात के बाद उसके अपार्टमेंट में उस समय धावा बोला था जब वह अपने प्रेमी केनेथ वॉकर के साथ घर पर थी। बीबीसी ने अपनी रिपोर्ट में बताया कि संघीय जांचकर्ताओं का मानना है कि चार में से तीन अधिकारियों ने गिरफ्तारी वारंट को गलत साबित करने की साजिश रची, जिसके कारण टेलर की मौत हुई। छापेमारी में शामिल केवल एक अधिकारी लुइसविले के पूर्व जासूस ब्रेट हैंकिंसन को पहले मामले में आरोपी ठहराया गया था। गुरुवार को आरोपित चार लोगों में से वह अकेला था जो टेलर को गोली मारने के समय वहां मौजूद था। न्यायालय द्वारा आरोपित अन्य अधिकारी जोशुआ जेनेस हैं, जिसे बर्खास्त कर दिया गया था। इसके अलावा सेवारत अधिकारी केली हैना गुडलेट और काइल मीनी हैं। लुइसविले पुलिस ने इससे पहले मीनी और गुडलेट को भी गोली मारने की योजना बनाई थी। चारों आरोपियों पर नागरिक अधिकारों के उल्लंघन, गैरकानूनी साजिश, असंवैधानिक बल प्रयोग और बाधा डालने का आरोप लगा है। पुलिस को मिले सर्च वारंट में टेलर का नाम और पता शामिल था। पुलिस अधिकारियों को संदेह था कि टेलर का पूर्व प्रेमी जैमार्कस ग्लोवर एक सजायाफ्ता ड्रग तस्कर है। उसी ने उसके अपार्टमेंट का इस्तेमाल नशीले पदार्थों या पैसे को छिपाने के लिए किया गया होगा। जेफरसन काउंटी अभियोजक थॉमस वाइन ने कहा हालांकि टेलर के घर से कोई प्रतिबंधित नशीला पदार्थ नहीं मिली। बाद में गोलीबारी बंद कर दी गयी थी। वर्ष 2020 में टेलर के परिवार ने लुइसविले पुलिस पर मुकदमा चलाया और 1.20 करोड़ डालर का दावा ठोका। गुरुवार को आरोपों की रिपोर्ट पर प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए टेलर के परिवार के वकील ने कहा, “आज का दिन न्याय की दिशा में एक बड़ा कदम है।” Post Views: 4 admin View All Posts Post navigation Previous Post चीनी जहाजों ने समुद्री मध्य रेखा को फिर से किया पार : ताइवानNext Postस्कूल के बाहर नौवीं की छात्रा को सभी ने जमकर पीटा, फिर वीडियो बनाकर इंस्टाग्राम पर डाला
पूरे अमेरिका में 2020 में नस्लवाद के खिलाफ विरोध को प्रेरित करने के लिए टेलर के साथ मिनेसोटा में जॉर्ज फ्लॉयड और जॉर्जिया में अहमौद एर्बी की मौत हुई थी। टेलर को 13 मार्च, 2020 को लुइसविले, केंटकी में उसके घर में पुलिस ने सादे कपड़ों में मारा था, क्योंकि वे ‘नो-नॉक’ सर्च वारंट लेकर आए थे। इस 26 वर्षीय अस्पताल कर्मी को पुलिस अधिकारियों ने गोली मार दी गई थ। पुलिस अधिकारियों ने देर रात के बाद उसके अपार्टमेंट में उस समय धावा बोला था जब वह अपने प्रेमी केनेथ वॉकर के साथ घर पर थी। बीबीसी ने अपनी रिपोर्ट में बताया कि संघीय जांचकर्ताओं का मानना है कि चार में से तीन अधिकारियों ने गिरफ्तारी वारंट को गलत साबित करने की साजिश रची, जिसके कारण टेलर की मौत हुई। छापेमारी में शामिल केवल एक अधिकारी लुइसविले के पूर्व जासूस ब्रेट हैंकिंसन को पहले मामले में आरोपी ठहराया गया था। गुरुवार को आरोपित चार लोगों में से वह अकेला था जो टेलर को गोली मारने के समय वहां मौजूद था। न्यायालय द्वारा आरोपित अन्य अधिकारी जोशुआ जेनेस हैं, जिसे बर्खास्त कर दिया गया था। इसके अलावा सेवारत अधिकारी केली हैना गुडलेट और काइल मीनी हैं। लुइसविले पुलिस ने इससे पहले मीनी और गुडलेट को भी गोली मारने की योजना बनाई थी। चारों आरोपियों पर नागरिक अधिकारों के उल्लंघन, गैरकानूनी साजिश, असंवैधानिक बल प्रयोग और बाधा डालने का आरोप लगा है। पुलिस को मिले सर्च वारंट में टेलर का नाम और पता शामिल था। पुलिस अधिकारियों को संदेह था कि टेलर का पूर्व प्रेमी जैमार्कस ग्लोवर एक सजायाफ्ता ड्रग तस्कर है। उसी ने उसके अपार्टमेंट का इस्तेमाल नशीले पदार्थों या पैसे को छिपाने के लिए किया गया होगा। जेफरसन काउंटी अभियोजक थॉमस वाइन ने कहा हालांकि टेलर के घर से कोई प्रतिबंधित नशीला पदार्थ नहीं मिली। बाद में गोलीबारी बंद कर दी गयी थी। वर्ष 2020 में टेलर के परिवार ने लुइसविले पुलिस पर मुकदमा चलाया और 1.20 करोड़ डालर का दावा ठोका। गुरुवार को आरोपों की रिपोर्ट पर प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए टेलर के परिवार के वकील ने कहा, “आज का दिन न्याय की दिशा में एक बड़ा कदम है।”