सावन का महीना शुरू होते ही उत्तराखंड के हरिद्वार में बड़ी संख्या में कांवड़िए गंगा स्नान करने पहुंचते हैं। ऐसे ही स्नान करने आए 18 कांवड़िए अचानक गंगा नदी के तेज बहाव में बह गए। कांविड़ियों को बहता हुआ देख वहां हड़कंप मच गया। हालांकि मौके पर मौजूद एसडीआरएफ के सदस्यों और पुलिस प्रशासन ने तुरंत कूदकर इन कांवड़ियों का रेस्क्यू कर लिया और एक बड़ा हादसा होने से टल गया। दरअसल कांवड़ यात्रा के चलते रोजाना बड़ी संख्या में कांवड़िए हरिद्वार पहुंच रहे हैं। ऐसे में प्रशासन पहले से ही अलर्ट मोड पर है। इसी की नतीजा है कि एख बड़े हादसे को टाल दिया गया।

हरिद्वार में गंगा स्नान करने के लिए हर रोज भक्तों का तांता लगा रहता है। उत्तराखंड में इन दिनों लगातार हो रही बारिश की वजह से गंगा नदी का जलस्तर तेजी से बढ़ा है। यही वजह है कि गंगा नदी का बहाव भी काफी तेज हो गया है।

यही वजह है कि गंगा स्नान करने आए 18 कांवड़िए इस तेज बहाव में बह गए। हालांकि प्रशासन की मुस्तैदी के चलते इन्हें बचा लिया गया।
अधिकारियों के मुताबिक, गंगा नदी में बीते कुछ दिनों से हो रही भारी बारिश की वजह से बहाव काफी तेज हो गया है। यही वजह है कि शुक्रवार की सुबह 18 कावड़िए बह गए, जिनको सेना और पुलिस के संयुक्त अभियान में बचाया गया।
“आर्मी की तैराक दल ने अब तक 18 कावड़ियों को बचाया है। अधिकारियों के मुताबिक, लोगों से तेज प्रवाह में न जाने की अपील भी की जाती है।
इससे पहले गुरुवार 21 जुलाई को भी गंगा नदी में स्नान के दौरान एक महिला बह गई थी, हालांकि इस महिला को भी मौके पर मौजूद जवानों ने तुरंत कूद कर बचा लिया।
डूबने की वजह से महिला बेहोश हो गई थी, जिसे तुरंत नजदीकी अस्पताल में भर्ती कराया गया है। जहां महिला का इलाज चल रहा है। फिलहाल वो खतरे से बाहर है।