WhatsApp पर DP बदलकर कमा लिए करोड़ों रूपए, लेकिन Chief Justice की फ़ोटो लगाना पड़ा भारी
छत्तीसगढ़ पुलिस ने मिजोरम से साइबर ठगी करने वाले दो सगे भाइयों को को गिरफ्तार किया है. यह दोनों भाई छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट के चीफ जस्टिस बनकर ठगी करने का प्रयास कर रहे थे. बस यही उनसे चूक हो गई कि इस बार उन्होंने एक जज को अपना शिकार बनाने की कोशिश की.
बिलासपुर. साइबर ठगी के मामले देश में दिनों दिन बढ़ते ही जा रहे हैं. ठग लोगो के पैसे लूटने के लिए एक बढ़कर एक तरीको का इस्तेमाल कर रहे हैं. ताजा मामला छत्तीसगढ़ के बिलासपुर शहर से जुड़ा है, जहां मिजोरम के ठगों ने किसी आम व्यक्ति नहीं, बल्कि एक जज को निशाना बनने की कोशिश की. गौर करने लायक बात है कि ठग ने एक डिस्ट्रिक्ट जज से हाईकोर्ट का चीफ जस्टिस बनाकर पैसे ऐंठने की कोशिश की. जानिए पूरा मामला

हाईकोर्ट के चीफ जस्टिस की लगाई DP
छत्तीसगढ़ पुलिस ने मिजोरम से साइबर ठगी करने वाले दो सगे भाइयों को को गिरफ्तार किया है. यह दोनों भाई छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट के चीफ जस्टिस बनकर ठगी करने का प्रयास कर रहे थे. बस यही उनसे चूक हो गई कि इस बार उन्होंने एक जज को अपना शिकार बनाने की कोशिश की. बताया जा रहा है कि ठगो ने अपनी WhatsApp DP में छत्तीसगढ़ के चीफ जस्टिस अरूप कुमार गोस्वामी की तस्वीर लगाकर अंबिकापुर के जिला एवं सत्र न्यायाधीश से ठगी करने का प्रयास किया. आरोपियों ने डिस्ट्रिक्ट जज को मेसेज भेजकर अमेजन का गिफ्ट कार्ड की मांग की .

पुलिस ने लिए तत्काल एक्शन
WhatsApp पर चीफ जस्टिस की DP वाले नंबर से अमेजॉन गिफ्ट कार्ड की मांग आने पर डीजे को संदेह हुआ. जिसके बाद हाईकोर्ट के प्रोटोकॉल ऑफिसर ने इस तरह से फ्रॉड करने की आशंका पुलिस के समक्ष जताई. मामला छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट के चीफ जस्टिस से जुड़ा हुआ होने के कारण पुलिस तत्काल एक्शन में आ गई. इस मामले की जांच करवाने पर ठगो लोकेशन मिजोरम में मिला. साइबर ठगी के इस प्रकरण में ज्यूडिशियरी के किसी व्यक्ति के शामिल होने की आशंका है. यह प्रकरण चकरभाठा थाने का है.
अन्य प्रदेशों के अधिकारी भी निशाने पर
मिली जानकारी के मुताबिक ठगो ने छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट के मुख्य न्यायाधीश अरूप कुमार गोस्वामी की डीपी लगाकर अनजान मोबाइल से अंबिकापुर DJ राकेश बिहारी घोरे को मेसेज भेजा और अमेजन गिफ्ट कार्ड भेजने के लिए कहा. पुलिस अफसरों के मुताबिक ठगो के पास से छत्तीसगढ़ के अलावा ही दूसरे प्रदेशों के भी अधिकारियों की तस्वीरें और प्रोफाइल मिली है.
छत्तीसगढ़ और मिजोरम पुलिस मोबाइल को जब्त करके अधिक जानकारी खंगाल रही है. पुलिस अधिकारियों ने बताया कि प्रकरण में ऐसे लोगो के शामिल होने की शक है,जो अधिकारियों के नंबर जानता हो. बहरहाल आरोपियों को गिरफ्तार करके उनसे गहन पूछताछ करके जानकारी जुटाई जा रही है.
इस मामले में पुलिस ने लाल हमिंग सांग और जोथान मोविया को मिजोरम के आइजोल से हिरासत में लिया है. छत्तीसगढ़ पुलिस के अधिकारी मनोज नाइक ने बताया कि गिरफ्तार किये गए दोनों आरोपी सगे भाई हैं,जो कि पेशे से ऑटो मोबाइल इंजीनियर हैं और ऑटो मोबाइल का व्यापार करते है.
छत्तीसगढ़ पुलिस के अधिकारियों ने बताया कि जब पुलिस की टीम लोकेशन के आधार पर आरोपियों को गिरफ्तार करने के लिए मिजोरम पहुंची ,तो उनका चार मंजिल का ऑलीशान मकान को देखकर दंग रह गई. पुलिस को इस बात का शक है कि आरोपियों ने ठगी करके करोड़ो कमाए हैं और इसी से अपना मकान बनवाया है.



