शिप्रा नदी में पानी का लेवल कम करने के निर्देश
आधिकारिक जानकारी के अनुसार शिप्रा नदी के रामघाट पर स्नान करने के लिए बाहर से आने वाले श्रद्धालुओं की संख्या अधिक रहती है और श्रद्धालुओं को नदी का पानी का लेवल मालूम नहीं होने के कारण वह गहरे पानी में चले जाते हैं।
उज्जैन। मध्यप्रदेश के उज्जैन में जिला प्रशासन ने शिप्रा नदी के पानी का लेवल तीन फीट कम करने के निर्देश दिए हैं।
आधिकारिक जानकारी के अनुसार शिप्रा नदी के रामघाट पर स्नान करने के लिए बाहर से आने वाले श्रद्धालुओं की संख्या अधिक रहती है और श्रद्धालुओं को नदी का पानी का लेवल मालूम नहीं होने के कारण वह गहरे पानी में चले जाते हैं। विगत कुछ दिनों में नदी में डूबने वालों की संख्या के मद्देनजर कलेक्टर आशीष सिंह एवं पुलिस अधीक्षक सत्येंद्र कुमार शुक्ला ने नदी के रामघाट और दत्त अखाड़ा क्षेत्र का कल निरीक्षण कर नदी के पानी का लेवल स्थाई रूप से तीन फीट नीचे रखने के निर्देश दिये हैं। साथ ही उन्होंने दत्त अखाड़ा क्षेत्र में भी अनाउंसमेंट सिस्टम लगाने के लिये नगर निगम को कहा है।
उन्होंने जल संसाधन विभाग एवं नगर निगम के कार्यपालन यंत्री को नदी में बैरिकेटिंग के लिये पोल स्थाई रूप से स्क्रू और नट-बोल्ट से कसने के लिये निर्देशित किया है और प्रत्येक पोल पर एवं घाट पर बीच-बीच में चेतावनी के लिये साइनेज लगाये जायें, ताकि अनजान लोग नदी के गहरे पानी में न उतरें। उन्होंने होमगार्ड की मदद के लिये स्थानीय तैराक दल को भी तैनात करने के लिये कहा है।
उन्होंने होमगार्ड को निर्देश दिये हैं कि श्रद्धालुओं से निरन्तर अपील की जाये कि घाट के फर्स्ट लेंडिंग से ही स्नान करें, इससे आगे जाकर स्नान न करें। जिला कलेक्टर ने आवश्यकता पड़ने पर एम्बुलेंस की व्यवस्था के लिये हेल्प लाइन नम्बर जारी करने के निर्देश दिये हैं।




