अंतरराष्ट्रीय सीमा पर 18 महीने से भी कम समय में पांचवीं सुरंग का पता चला
जम्मू सीमा सुरक्षा बल (बीएसएफ) के महानिरीक्षक डी. के. बूरा ने गुरुवार को कहा कि अंतरराष्ट्रीय सीमा पर मिली सुरंग 18 महीने से भी कम समय में सामने आयी इस तरह की पांचवीं सुरंग है।

जम्मू। जम्मू सीमा सुरक्षा बल (बीएसएफ) के महानिरीक्षक डी. के. बूरा ने गुरुवार को कहा कि अंतरराष्ट्रीय सीमा पर मिली सुरंग 18 महीने से भी कम समय में सामने आयी इस तरह की पांचवीं सुरंग है।
बीएसएफ ने बुधवार को सुरंग का पता लगाकर पाकिस्तानी आतंकवादियों के आगामी अमरनाथ यात्रा को बाधित करने के प्रयास को विफल कर दिया।
बूरा ने सुरंग का पता लगाने में बीएसएफ सैनिकों की लगन और समर्पण की सराहना करते हुए कहा, “डेढ़ साल से भी कम समय में यह पांचवीं सुरंग का पता चला है। इससे भारत में समस्या उत्पन्न करने के पाकिस्तानी सरकार के नापाक मंसूबों का पता चलता है।”
उन्होंने कहा कि सीमा की सुरक्षा और सीमावर्ती आबादी में सुरक्षा की भावना पैदा करने के लिए बीएसएफ हमेशा आगे रहा है। अन्य संभावित सुरंगों का पता लगाने के लिए बीएसएफ के प्रयास जारी रहेंगे।
इस बीच, बीएसएफ के प्रवक्ता ने कहा कि पाकिस्तान की बड़ी साजिश में सेंध लगाते हुए बीएसएफ जम्मू ने बुधवार को सांबा इलाके के सामने बीओपी चक फकीरा के इलाके में सीमा पार तक की सुरंग का पता लगाया।
उन्होंने बताया कि इस क्षेत्र में किये गये एक पखवाड़े लंबे सुरंग रोधी अभ्यास के दौरान बीएसएफ सैनिकों के कठोर और सतत प्रयासों के परिणामस्वरूप इस सुरंग का पता चला है। आशंका है कि पाकिस्तान की ओर से हाल ही में खोदी गयी यह सुरंग लगभग 150 मीटर लंबी है।
उन्होंने कहा, “इस सुरंग का पता लगाने के साथ ही बीएसएफ जम्मू ने आगामी अमरनाथ यात्रा को बाधित करने के पाकिस्तानी आतंकवादियों के नापाक मंसूबों को नाकाम कर दिया है।”
सुरंग का मुंह लगभग दो फुट चौड़ा है और अब तक 21 रेत के थैले बरामद किये गये हैं, जिनका उपयोग सुरंग के निकास को मजबूत बनाने के लिए किया गया था। उन्होंने कहा कि दिन में सुरंग की विस्तृत तलाशी ली जाएगी।




