Uncategorized
Trending

जोन डी 4 के गंगानगर में चलते अवैध निर्माणों पर मेरठ विकास प्राधिकरण के उपाध्यक्ष मोन क्यों ?

अनगिनत अवैध निर्माणों पर कार्रवाई सिर्फ फाइलों तक सीमित

मेरठ। उत्तर प्रदेश की योगी सरकार का मेरठ विकास प्राधिकरण के कुछ अधिकारीयों के अंदर कोई डर नही दिख रहा। जोन डी 4 में बेखौफ अवैध निर्माण चलते दिखाई दे रहे है। अवैध निर्माणों पर कार्रवाई फाइलों तक सीमित है। धरातल पर कार्रवाई नहीं की जाती। जोन डी 4 क्षेत्र में चलते अवैध निर्माणों पर अगर सख़्त कार्रवाई की जाती है तो शमन शुल्क के रुप में करोड़ो रुपए का राजस्व आ सकता है। मेडा के जोन डी 4 के अधिकारीयों की मिली भगत के चलते नही की जा रही राजस्व की प्राप्ति। मेरठ विकास प्राधिकरण के कुछ अधिकारी अपनी मनमानी कर रहे है। उच्च अधिकारियों को भी अवगत कराने पर कार्रवाई भी नहीं की जा रही। आपको बता दें कि मेरठ विकास प्राधिकरण के प्रवर्तन खण्ड जोन डी 4 के जोनल अधिकारी अर्पित यादव व उनके आधीन कार्य करने वाले अवर अभियंता मनोज सिसोदिया अवैध निर्माणों को रोकने एवं शमन शुल्क के रुप में आने वाले राजस्व की हो रही हानी को रोकने में फेल दिखाई दे रहे है।

बतादे की गंगानगर में गंगासगर, गंगा वाटिका, एपेक्स सागर वाटिका, कालोनियों के अंदर अवैध निर्माण कार्य 100 पर्सेंट कवर्ड एरिया में किए जा रहे है। जिन पर कंपाउंडिंग की कार्रवाई नही की जा रही है। वही ग्लोबल सिटी कालोनी में भी अवैध फ्लैटों के निर्माण कार्य चल रहे है। और वही ग्लोबल सिटी कॉलोनी के पीछे अब्दुल्लापुर जाने वाले रास्ते पर फैक्ट्री का निर्माण कार्य जोरों से चल रहा है और वही ग्लोबल सिटी कॉलोनी के गेट के दोनो तरफ़ अवैध निर्माण कार्य तेजी से चल रहे हैं। जोन डी 4 मवाना रोड पर ट्रांसलेम स्कूल में अवैध कालोनी का निर्माण कार्य जोरों से चल रहा है। जिसका ध्वस्तीकरण कुछ दिन पहले किया गया था लेकिन जोन डी के अधिकारियों की मिलीभगत से फिर से अवैध कॉलोनी का निर्माण कर विकसित की जा रही है। वही इसके बराबर में माधव कुंज नाम से भी एक और अवैध कालोनी विकसित की जा रही है। जिसका ध्वस्तीकरण नहीं किया गया है।

इसके अलावा भी गंगानगर डिवाइडर रोड व उसके आस पास में कई अवैध निर्माण कार्य लगातार धड़ल्ले से चल रहे है। चलते इन अवैध निर्माणों पर सख्त कार्रवाई करने के बजाए जोन डी 4 के अधिकारी अपने पटल पर बिठा कर अवैध निर्माणकर्ता स्वामी को कार्रवाई से बचने के लिए बताते है। अलग अलग रास्ते, जेई जोनल की सांठगांठ से गंगानगर डिवाइडर रोड पर एक अवासीय भवन का मानचित्र स्वीकृत कर दीया गया है। जहां अवासीय मानचित्र पर कमर्शियल कांप्लेक्स बनाया जा रहा है। जिसमे बनी दुकानों पर शटर भी लगा दिए गए है। और मेरठ विकास प्राधिकरण के उच्च अधिकारी चुप्पी साधे हुए बैठे है। परंतु कार्रवाई शुन्य है।? इसके अलावा भी कई और अनगिनत अवैध निर्माण कार्य लगातार धड़ल्ले से जारी है। लेकिन कार्रवाई शून्य है।? सूत्रों की माने तो छोटे छोटे मकानो व दुकानों के चल रहे निर्माणों से मोटी रकम वसूल की जा रही है। जबकि योगी सरकार के साफ साफ़ अधिकारीयों को आदेश है की छोटे छोटे माकन वालों को परेशान नहीं किया जाय।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Check Also
Close
Back to top button