ऐसे तो आत्मनिर्भर नहीं हो सकेंगे बेरोजगार युवा….
बेरोजगार युवा यदि कोई अपना कारोबार शुरु करना चाहते हैं तो उन्हें जीएसटी नंबर लेने में विभाग से काफी मशक्कत करनी पड़ रही है।

गुडग़ांव। बेरोजगार युवा यदि कोई अपना कारोबार शुरु करना चाहते हैं तो उन्हें जीएसटी नंबर लेने में विभाग से काफी मशक्कत करनी पड़ रही है। विभाग उनको जीएसटी नंबर देने से मना कर रहा है क्योंकि उन्होंने आयकर रिटर्न नहीं भरी हैं। ऐसे युवाओं का कहना है कि जब वे बेरोजगार हं तो आयकर रिटर्न कहां से भरेंगे, लेकिन विभाग उनकी इस दलील को मानने के लिए तैयार नहीं है। एमएसएमई वेलफेयर फाउण्डेशन के अध्यक्ष पंकज वर्मा का कहना है कि जिस व्यक्ति की कोई आय नहीं है, उसे यह कहकर जीएसटी नंबर देने से मना किया जा रहा है कि उसने आयकर रिटर्न दायर नहीं की है। उनका कहना है कि क्या अधिकारी आवेदकों का जबाव पढ़े बिना ही उनका आवेदन खारिज कर रहे हैं या फिर कुछ और बात है। जिसे वे बताना ही नहीं चाहते। उनका कहना है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी व प्रदेश के मुख्यमंत्री मनोहरलाल समय-समय पर घोषणा करते रहे हैं कि युवाओं को अपना कारोबार शुरु कर अपने पैरो पर खड़ा होना चाहिए व आत्मनिर्भर बनना चाहिए, लेकिन इस प्रकार से तो आत्मनिर्भर नहीं बना जा सकता। क्या बेरोजगार व्यक्ति को व्यापार करने का अधिकार नहीं है। उन्होंने केंद्र व प्रदेश सरकार से आग्रह किया है कि इस समस्या का समाधान कराया जाए और ऐसे अधिकारियों की मनमानी पर रोक लगाई जाए, अन्यथा देश व प्रदेश में व्यापार प्रभावित होता रहेगा और युवा वर्ग इस तरह से तो कभी आत्मनिर्भर नहीं हो सकेंगे।




