मेरठ: करोड़पति ठग गिरोह का भंडाफोड़, फर्जी आरटीजीएस के खेल में चार गिरफ्तार, 80 लाख के जेवर बरामद

मेरठ। मेरठ की थाना सदर बाजार पुलिस ने रघुनंदन ज्वैलर्स के साथ हुई एक करोड़ रुपये की सनसनीखेज धोखाधड़ी का सफल खुलासा किया है। पुलिस ने इस मामले में शामिल गिरोह के चार शातिर सदस्यों को गिरफ्तार कर उनके कब्जे से लगभग 80 लाख रुपये मूल्य के स्वर्ण आभूषण और करीब 90 हजार रुपये की नकदी बरामद की है। शनिवार को एसपी सिटी और सीओ सदर नवीना शुक्ला के नेतृत्व में आयोजित प्रेस वार्ता में इस बड़ी कामयाबी की जानकारी साझा की गई।
फर्जी आरटीजीएस का बिछाया था जाल घटनाक्रम के अनुसार, साकेत निवासी तन्मय अग्रवाल ने पुलिस को तहरीर देकर बताया था कि आरोपियों ने एक सुनियोजित साजिश के तहत उनके ग्राहक प्रवीण को झांसे में लिया। ठगों ने बैंकिंग प्रणाली का दुरुपयोग करते हुए फर्जी आरटीजीएस ट्रांजेक्शन का ड्रामा रचा और करीब 99.85 लाख रुपये के आभूषण व नकदी लेकर फरार हो गए। इस हाई-प्रोफाइल ठगी के बाद व्यापारियों में हड़कंप मच गया था, जिसके बाद एसएसपी मेरठ के निर्देशन में विशेष टीमों का गठन किया गया।

कैंट स्टेशन के पास से हुई गिरफ्तारी एसपी सिटी और सीओ कैंट के नेतृत्व में गठित पुलिस टीम ने तकनीकी साक्ष्यों और मुखबिरों की सूचना पर कार्रवाई करते हुए शनिवार सुबह कैंट स्टेशन के पास कंकरखेड़ा फ्लाईओवर के निकट से चार आरोपियों को दबोच लिया। पकड़े गए आरोपियों ने पूछताछ में स्वीकार किया कि उन्होंने मोटी रकम के लालच में ज्वैलरी ठगी की यह पूरी पटकथा तैयार की थी। पुलिस ने इनके पास से 80 लाख रुपये के आभूषण और 89,500 रुपये नकद बरामद किए हैं।

फरार साथियों की तलाश जारी पुलिस जांच में इस वारदात में कुल सात आरोपियों की पहचान हुई है। गिरफ्तार किए गए चार आरोपियों के अलावा शेष तीन साथी अभी भी पुलिस की पकड़ से बाहर हैं। पुलिस अधीक्षक (नगर) ने बताया कि फरार आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए दबिश दी जा रही है और जल्द ही उन्हें भी सलाखों के पीछे भेजा जाएगा। इस बड़ी सफलता के बाद व्यापार जगत ने मेरठ पुलिस की कार्यप्रणाली की सराहना की है।



