मुजफ्फरनगर: जिला बार संघ का भव्य शपथ ग्रहण; अध्यक्ष प्रमोद त्यागी ने अधिवक्ताओं के लिए की डिजिटल और आर्थिक सुधारों की घोषणा

मुजफ्फरनगर। जिला बार संघ की नवनिर्वाचित कार्यकारिणी का शपथ ग्रहण समारोह सोमवार को कचहरी परिसर में हर्षोल्लास के साथ संपन्न हुआ। इस अवसर पर सैकड़ों अधिवक्ताओं की उपस्थिति में नवनिर्वाचित अध्यक्ष प्रमोद त्यागी और सचिव सुरेंद्र मलिक सहित पूरी कार्यकारिणी ने पद और गोपनीयता की शपथ ली। समारोह को संबोधित करते हुए अध्यक्ष प्रमोद त्यागी ने बार को आधुनिक और तकनीकी रूप से सशक्त बनाने का अपना विजन साझा किया।

कचहरी परिसर में मिलेगी फ्री वाई-फाई की सुविधा

डिजिटल इंडिया के दौर में कानूनी कार्यप्रणाली को गति देने के लिए अध्यक्ष प्रमोद त्यागी ने एक बड़ी घोषणा की। उन्होंने कहा कि कचहरी परिसर में जल्द ही फ्री वाई-फाई सुविधा शुरू की जाएगी। इसका उद्देश्य अधिवक्ताओं को ई-फाइलिंग, ऑनलाइन कानूनी शोध (Legal Research) और अदालती कार्यवाही से जुड़े डिजिटल कार्यों में मदद करना है। त्यागी ने जोर देकर कहा कि तकनीक को अपनाकर ही पेशे को और अधिक प्रभावी बनाया जा सकता है।
टोल फ्री एंट्री और सौर ऊर्जा पर जोर
अधिवक्ताओं की व्यावहारिक समस्याओं को ध्यान में रखते हुए प्रमोद त्यागी ने वादा किया कि जिले के सभी टोल प्लाजा पर अधिवक्ताओं के वाहनों की फ्री एंट्री सुनिश्चित कराने के लिए शासन और संबंधित विभागों के साथ समन्वय कर ठोस प्रयास किए जाएंगे। इसके अलावा, जिला बार संघ को आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर बनाने के लिए उन्होंने सोलर पैनल (Solar Plates) को बढ़ावा देने की बात कही। उन्होंने बताया कि सौर ऊर्जा के माध्यम से बिजली बिल शून्य होने पर जो बचत होगी, उसे अधिवक्ताओं के कल्याण और सुविधाओं में निवेश किया जाएगा।
अनुभव और युवाओं के साथ का संकल्प
अध्यक्ष ने विश्वास दिलाया कि यह कार्यकारिणी केवल वादों तक सीमित नहीं रहेगी। उन्होंने वरिष्ठ अधिवक्ताओं के अनुभव और युवा साथियों के जोश के साथ मिलकर काम करने का संकल्प लिया। हर बड़े निर्णय में आम अधिवक्ताओं की राय को प्राथमिकता दी जाएगी।
सुरेंद्र मलिक ने दोहराया ‘विजेता जोड़ी’ का विश्वास
नवनिर्वाचित सचिव सुरेंद्र मलिक ने अपने संबोधन में कहा कि जब-जब उनकी और प्रमोद त्यागी की जोड़ी बार संघ की जिम्मेदारी में आई है, हमेशा ऐतिहासिक कार्य हुए हैं। उन्होंने अधिवक्ताओं के हितों की रक्षा के लिए प्रतिबद्धता दोहराते हुए कहा कि वे पिछली बार की तरह इस बार भी बार और बेंच के बीच बेहतर समन्वय स्थापित करेंगे और अधिवक्ताओं की हर समस्या का समाधान सुनिश्चित करेंगे।



