डॉ. अंबेडकर की सभी प्रतिमाओं की सुरक्षा अब उत्तर प्रदेश सरकार करेगी

लखनऊ। डॉ. भीमराव अंबेडकर के महापरिनिर्वाण दिवस पर उत्तर प्रदेश सरकार ने ऐतिहासिक कदम उठाते हुए घोषणा की है कि प्रदेश भर में स्थापित डॉ. अंबेडकर की सभी प्रतिमाओं की सुरक्षा अब राज्य सरकार स्वयं सुनिश्चित करेगी। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के इस निर्णय ने दलित समुदाय, वंचित वर्ग और अंबेडकर अनुयायियों में उत्साह और भरोसा बढ़ाया है।

मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया कि किसी भी प्रतिमा के साथ छेड़छाड़, क्षति या अपमान की घटना किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं की जाएगी। प्रत्येक प्रतिमा स्थल पर मजबूत बाउंड्री बनाई जाएगी और प्रतिमाओं के ऊपर सुरक्षित छत्र लगाकर सुरक्षा व्यवस्था को और मजबूत किया जाएगा। यह निर्णय अंबेडकर अनुयायियों की भावनाओं का सम्मान और सामाजिक न्याय की दिशा में एक निर्णायक कदम माना जा रहा है।

आज कैबिनेट मंत्री अनिल कुमार ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से मुलाकात कर इस ऐतिहासिक निर्णय के लिए व्यक्तिगत रूप से तथा दलित, वंचित और अंबेडकरवादी समाज की ओर से आभार व्यक्त किया। मुलाकात के दौरान मुख्यमंत्री को एक प्रशस्ति पत्र और डॉ. भीमराव अंबेडकर की प्रतिमा भेंट की गई।
सरकार की यह पहल न केवल सुरक्षा को मजबूत करेगी बल्कि बाबा साहेब की विचारधारा—समानता, सामाजिक सौहार्द और न्याय—को नई गति प्रदान करेगी। लंबे समय से उठ रही अंबेडकर की प्रतिमाओं के संरक्षण की मांग अब पूरी होती दिख रही है, जिससे समाज में खुशी और विश्वास का माहौल है।
कार्यक्रम में त्रिलोक त्यागी, राष्ट्रीय महासचिव, राष्ट्रीय लोकदल; रामआशीष राय, प्रदेश अध्यक्ष; रोहित अग्रवाल, प्रदेश अध्यक्ष व्यापार प्रकोष्ठ एवं प्रेस प्रवक्ता; जोगेंद्र सिंह अवाना, प्रदेश अध्यक्ष राजस्थान सहित कई वरिष्ठ नेता और पदाधिकारी मौजूद रहे।
सरकार के इस ऐतिहासिक निर्णय से उत्तर प्रदेश में सामाजिक समानता और शांति के नए युग की शुरुआत हुई है।



