नवरात्र को लेकर मंशा देवी मंदिर में स्थापित की गई जोत
पुरकाजी हर साल की भांति इस वर्ष भी नवरात्र को लेकर गाँव फलौदा के सैकड़ों श्रद्धालुओं ने मंशा देवी हरिद्वार उत्तराखंड से माता की जोत लाकर गाँव के मंशा देवी मंदिर में स्थापित की। इस दौरान सभी श्रद्धालु भगवान के भजनों पर झूमते नाचते गाते हुए आए।
पुरकाजी हर साल की भांति इस वर्ष भी नवरात्र को लेकर गाँव फलौदा के सैकड़ों श्रद्धालुओं ने मंशा देवी हरिद्वार उत्तराखंड से माता की जोत लाकर गाँव के मंशा देवी मंदिर में स्थापित की। इस दौरान सभी श्रद्धालु भगवान के भजनों पर झूमते नाचते गाते हुए आए।

वर्षों की भांति इस साल भी नवरात्र को लेकर गाँव के सैकड़ों श्रद्धालुओं ने मंशा देवी हरिद्वार उत्तराखंड से पैदल जोत लेकर यात्रा का शुभारंभ किया। तथा सभी श्रद्धालुओं ने डीजे पर चल रहे भगवान के भजनो पर नाचते गाते हुए शाम को फलौदा गांव के मंशा देवी मंदिर पर जोत को स्थापित की। इस दौरान पंडित विकुल भारद्वाज शास्त्री ने बताया कि 23 सितंबर को मंशा देवी मंदिर हरिद्वार से पैदल जोत लेकर यात्रा का शुभारंभ किया था। इस बार 37 वी माता की जोत लाई गई है। प्रतिदिन मंदिर में माता की आरती होगी और नवमी पर माता की पूजा अर्चना के बाद कन्या जिमाकर प्रसाद वितरित किया जाएगा। उन्होंने बताया कि प्रथम नवरात्र में गांव देहात के आसपास के लोग अखंड ज्योति से दीप प्रज्वलित कर कर अपने घर ले जाते हैं और माता का गुणगान करते हैं नवरात्रि व्रत रखते हैं माता की पूजा अर्चना के बाद कन्याओं की देवी स्वरूप पूजा करके उनको भोग लगाते हैं इस ज्योति पदयात्रा में मुख्य रूप से विकुल भारद्वाज शास्त्री संजीव भारद्वाज बिट्टू त्यागी गुड्डू त्यागी सन्नी त्यागी मुनेश त्यागी आदेश त्यागी आलोक त्यागी टीटू त्यागी अरविंद शर्मा नंदू त्यागी सोनू शर्मा सोनू त्यागी कुलदीप त्यागी अनिल त्यागी आदित्य त्यागी नीरज सैनी विपिन सैनी अरुण सैनी बुलबुल सोनू धीमान निखिल आदि श्रद्धालु शामिल रहे।


