
लखीमपुर खीरी। किसान आंदोलन के दौरान लखीमपुर खीरी हिंसा मामले में मुख्य आरोपी और केंद्र ग्रह राज्यमंत्री अजय मिश्रा टेनी के बेटे आशीष टेनी की जमानत रद्द की गई है। आज सुप्रीम कोर्ट ने मामले की सुनवाई करते हुए आशीष टेनी को एक हफ्ते में सरेंडर करने का आदेश दिया है। फैसले के दौरान सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि FIR पीड़ित परिवार के पक्ष और बाकी सभी बिंदुओं पर विचार करते हुए आशीष मिश्रा की जमानत फिलहाल रद्द की जाती है। सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि अगर आशीष टेनी चाहे तो इलाहाबाद हाई कोर्ट में जमानत की प्रेस याचिका दर्ज करा सकते हैं।

आशीष टेनी की जमानत रद्द होने पर राकेश टिकैत ने सुप्रीम कोर्ट के फैसले का स्वागत किया। राकेश टिकैत ने कहा कि सुप्रीम कोर्ट तो अच्छा ही काम करता है,अगर कोर्ट को अपने तरीके से काम करना दिया जाए। उन्होंने कहा हम धन्यवाद देते हैं सुप्रीम कोर्ट का जो उसने एक सही फैसला दिया। सरकार की तरफ से पैरवी होनी चाहिए। सरकार की तरफ से मामले में ढिलाई रही। सरकार अपने मंत्री के साथ खड़ी रही लेकिन सुप्रीम कोर्ट में एक बड़ा फैसला दिया है।

इस मामले में आशीष टेनी के लिए एक अच्छी की खबर यह भी रही कि वह फिर से इलाहाबाद हाईकोर्ट में अपनी जमानत के लिए याचिका दायर कर सकते हैं। सुप्रीम कोर्ट ने यह भी कहा कि हाई कोर्ट ने सभी पक्षों को नहीं सुना और आशीष टेनी को जमानत देने में जल्दी दिखाइए।
बता दें,कि लखीमपुर जिला मुख्यालय से करीब 70 किलोमीटर दूर नेपाल की सीमा से सटे तिकुनिया गांव में 3 अक्टूबर 2021 की दोपहर करीब 3:00 बजे काफी संख्या में किसान प्रदर्शन कर रहे थे। तभी अचानक से तीन गाड़ियां किसानों को रौंदते चली गई। घटना से आक्रोशित किसानों ने इस बात का जमकर विरोध किया। इस हिंसा में 8 लोगों की मौत हो गई थी। जिनमें 4 किसान,एक पत्रकार और दो भाजपा कार्यकर्ता शामिल थे।
इस हादसे के बाद आशीष टेनी को 129 दिनों तक जेल में रहना पड़ा था और इलाहाबाद हाईकोर्ट ने 10 फरवरी को आशीष मिश्रा को जमानत दी थी। आशीष 15 फरवरी को 129 दिनों बाद जेल से रिहा हुआ था।



