कई वर्षों बाद बन रहा है दुर्लभ संयोग, कई ग्रहों के बन रहे हैं विशेष योग
कई वर्षों बाद इस बार सोमवती अमावस्या पर बड़ा दुर्लभ संयोग बन रहा है। सोमवती अमावस्या, शनि जयंती, वट सावित्री अमावस्या आज यानि कि सोमवार को मनाई जाएगी।

गुडग़ांव। कई वर्षों बाद इस बार सोमवती अमावस्या पर बड़ा दुर्लभ संयोग बन रहा है। सोमवती अमावस्या, शनि जयंती, वट सावित्री अमावस्या आज यानि कि सोमवार को मनाई जाएगी। ज्योतिषाचार्यों के अनुसार अमावस्या तिथि रविवार को 2 बजकर 54 मिनट से प्रारंभ हो चुकी है, जो आज सोमवार को सायं 4 बजकर 59 मिनट पर समाप्त होगी। ये तीनों पर्व एक साथ मनाए जाएंगे। दुर्लभ संयोग से भारत की अर्थव्यवस्था में सुधार, विश्व में भारत की प्रसिद्धि के साथ ही भारत विश्व गुरु की ओर अग्रसर के योग भी इस बार वट सावित्री अमावस्या पर बन रहे हैं। आज सुहागिनें अपने पति की दीर्घायु के लिए व्रत रखकर वट वृक्ष की पूरे विधि-विधान के अनुसार पूजा-अर्चना करेंगी। इस दिन सावित्री ने यमदूत से अपने पति सत्यवान के प्राण वापिस लिए थे। प्राचीन काल से ही वट अमावस्या का व्रत रखकर सुहागिनें अपने पति की दीर्घायु की कामना करती आ रही हैं। सुहागिनें व्रत रखकर घर की वृद्धाओं से सत्यवान सावित्री की कथा भी सुनेंगी। धार्मिक गं्रथों में वट वृक्ष का बड़ा महत्व बताया गया है।


