ए एस इंटर कॉलेज मवाना ने मवाना न0पा0 में पुस्तकालय स्थापित करने में बेशकीमती पुस्तक की भेंट
मवाना(मेरठ)। ए एस इंटर कॉलेज मवाना ने मवाना क्षेत्र के लोगों को सौगात के रूप में बुजुर्गों तथा युवाओं को नगर पालिका के द्वारा तैयार की गई भव्य पुस्तकालय के शुभारंभ से पूर्व 500 बेशकीमती लिटरेचर जीके मैगजीन तथा पाठ्यक्रम से संबंधित पुस्तकें तथा 110 साल पुरानी पुस्तके भी मवाना के नगर वासियों के लिए तथा क्षेत्र के बच्चों के लिए भेंट की क्योंकि विद्यालय में पुस्तकालय में इन पुस्तकों का जो उपयोग होना चाहिए था वह नहीं हो पा रहा इस चीज को देखते हुए विद्यालय समिति के अध्यक्षअखिल कौशिक प्रबंधक पवन कुमार रस्तोगी , प्रधानाचार्य डॉ मेघराज सिंह ने विचार करने के उपरांत यह निष्कर्ष निकाला की बेशकीमती पुस्तकों को यदि नगर पालिका की पुस्तकालय को भेंट कर दिया जाए उस दशा में समाज के अनेकों लोग इनका लाभ उठाएंगे साथ ही छात्र-छात्राओं में पुराने समय की लिटरेचर की पुस्तकों के प्रति तथा मोबाइल , सोशल मीडिया आदि का प्रचलन अधिक होने के कारण इन पुस्तकों के प्रति नए छात्र-छात्राओं का मोहभंग हो चुका है परंतु समाज के बुजुर्ग लोग इनका लाभ उठा सकते हैं साथ ही मैगजीन जीके तथा पाठ्यक्रम से संबंधित उस को भेंट करने का उद्देश्य था कि वे गरीब बच्चे जो पुस्तक नहीं खरीद सकती है वह नगरपालिका के पुस्तकालय में इन पुस्तकों से ज्ञानवर्धक कर सकेंगे नगर पालिका के अधिशासी अधिकारी सुनील कुमार सिंह को विद्यालय की तरफ से उसके भेंट की गई उन्होंने विद्यालय की इस पहल की प्रशंसा की साथ ही यह भी कहा कि इस प्रयास से वह भी बहुत जल्दी इस पुस्तकालय का शुभारंभ कराएंगे पुस्तकालय में पुस्तके ना होने के कारण पुस्तकालय का कोई महत्व नहीं रह गया था आज इस पहल को ए एस इंटर कॉलेज मवाना ने एक नया कीर्तिमान स्थापित किया है साथ ही उत्तर प्रदेश सरकार के माध्यमिक शिक्षा के डीजी विजय किरण आनंद आई ए एस के निर्देशन में छात्रों की स्मरण शक्ति और पढ़ाई में एकाग्रता का विकास करने के लिए ए एस इंटर कॉलेज मवाना के प्रधानाचार्य डॉक्टर मेघराज सिंह ने सहज योग मेडिटेशन क्लास का शुभारंभ किया। ए एस इंटर कॉलेज में सहज योग कराने वाली यह संस्था विश्व के 138 देशों में कार्यरत है। यह संस्था निशुल्क रूप से छात्रों के विकास में जिला राज्य स्तर पर विभिन्न राज्यों में कार्यरत है।
सहज योग संस्था से जुड़े वॉलिंटियर लोकेश कुमार राष्ट्रपति पुरस्कार से पुरस्कृत एवं सौरव चौधरी,प्रशांत चौधरी विद्यालय के प्रधानाचार्य डॉ मेघराज सिंह ने अंग वस्त्र एवं माला पहनाकर स्वागत एवं सम्मान किया उसके उपरांत छात्रों को बताया कि आत्मसाक्षात्कार कि यह क्रिया सहज योग के माध्यम से अत्यंत सरल रूप से पाई जा सकती है। जिसके फलस्वरूप छात्र अपने जीवन का अपने व्यक्तित्व का चहुमुखी विकास कर सकता है।
सभी छात्रों और अध्यापकों ने
ध्यान की इस विधि को करके देखा और उन सभी को बहुत अच्छा लगा। समाज में भी जो व्यक्ति सहज योग को तनाव से मुक्ति पाने के लिए इस्तेमाल में अपने जीवन में लाना चाहते हैं वह लोग सहज योग के विभिन्न शाखाओं में निशुल्क रूप से जाकर यह ज्ञान सीख सकते हैं और अपने जीवन में तनाव को दूर कर आनंद के मार्ग को स्थापित कर सकते हैं।


