Uncategorized
Trending

शिक्षाकरण के कर्तव्य को चुनौती के रूप में स्वीकार करने की आवश्यकता: डा. नरेश कुमार

इस कार्यक्रम की अध्यक्षता कर रहे प्राचार्य डॉ. नरेश कुमार ने ’माता-पिता’-शिक्षक, समागम की उपयोगिता बताते हुए कहा कि इस तरह के कार्यक्रम से ज्ञानवर्द्धन, सांस्कृतिक, बौद्धिक, रचनात्मक उत्थान एवं चिंतन के क्षेत्र को विकसित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी।

मुजफ्फरनगर। चौ. छोटूराम महाविद्यालय में शिक्षा एवं शैक्षिक वातावरण उन्नयन हेतु ’माता-पिता’-शिक्षक समागम का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम की अध्यक्षता कर रहे प्राचार्य डॉ. नरेश कुमार ने ’माता-पिता’-शिक्षक, समागम की उपयोगिता बताते हुए कहा कि इस तरह के कार्यक्रम से ज्ञानवर्द्धन, सांस्कृतिक, बौद्धिक, रचनात्मक उत्थान एवं चिंतन के क्षेत्र को विकसित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी। उन्होंने अभिभावकों से बच्चों के प्रति संवेदनशील होकर बच्चों की गतिविधियों, मोबाईल फोन के दुरूपयोग पर नियंत्रण रखने का आह्वान किया। इस अवसर पर बड़ी संख्या में अभिभावकों ने प्रतिभाग किया तथा महाविद्यालय द्वारा के क्षैणिक वातावरण इस कार्यक्रम की भूरि-भूरि प्रशंसा की।
स्थानीय चौ. छोटूराम महाविद्यालय में ’माता-पिता’-शिक्षक समागम के कार्यक्रम की शुरूआत मां सरस्वती के आगे द्वीप प्रज्जवलन कर प्रारंभ हुई। कार्यक्रम की अध्यक्षता करते हुए प्राचार्य डॉ. नरेश कुमार ने अपने संबोधन में कहा कि आज अभिभावकों व शिक्षकों को बच्चों के प्रति संवेदनशील होते हुए उनकी शैक्षिक गतिविधियों व मोबाईल के दुरूपयोग व बच्चों संग साथ वालों पर पूरी तरह से नजर रखने की आवश्यकता है तथा सही और गलत की पहचान कराना भी जरूरी है, तभी बच्चा अपने उद्देश्यों को पूर्ण कर पायेगा।
उन्होंने बताया कि विश्वविद्यालय द्वारा प्राप्त निर्देशों के अनुसार सभी छात्रों की 75 प्रतिशत उपस्थिति अनिवार्य है तथा इस मानक को पूरा न कर पाने वाले छात्रों को परीक्षा से वंचित रहना पड़ सकता है। अतः अभिभावकों को अपने वार्ड की उपस्थिति को बीच-बीच में सुनिश्चित कर लेना चाहिए, जिससे भविष्य में होने वाली परेशानियों से बचा जा सके।
इस अवसर पर कार्यक्रम संयोजक डॉ. आर. के. सिंह जी ने ’माता-पिता’-शिक्षक समागम की आवश्यकता को विस्तार से बताया तथा समय-समय पर छात्र-छात्राओं को सुविधा बढ़ाने के उद्देश्य से ये समागम आयोजित किये जाते हैं। इस अवसर पर मां शकुम्मभरी यूनिवर्सिटी के डीन व चीफ प्रोक्टर प्रो. विजय कुमार जी ने अध्ययन के साथ-साथ कॉलेज की सभी गतिविधियों जैसे- एन.सी.सी., एन.एस.एस, रोवर रेंजर्स, खेलकूद तथा अन्य शैक्षिक गतिविधियों के बारे में जानकारी दी तथा बच्चों को भाग लेने के लिए प्रेरित किया। इस अवसर पर डा.अरुण कुमार, प्रो. ओमबीर सिंह जी, डा. श्रीकांत ने छात्रों को नैतिक मूल्यों को समझाते हुए भविष्य में सफलता के लिए मार्गदर्शन दिया।
इस अवसर पर शैक्षिक समस्याओं जैसे- मोबाईल का दुरूपयोग, छात्रों की उपस्थिति तथा शैक्षिक वातावरण के उन्नयन पर चर्चा की गई। इस कार्यक्रम का संचालन पी.टी.एम. कमेटी के संयोजक डॉ. आर. के. सिंह जी ने किया। कार्यक्रम के अंत में पी.टी.एम कमेटी के सदस्य ने सभी का आभार व्यक्त किया।
इस अवसर पर डा कृष्ण पाल मालिक जी, डॉ. गिरिराज किशोर जी, डॉ. दुष्यंत कुमार, डॉ. जोनी कुमार, श्री पुलकित कुमार, डॉ. टीशू शर्मा समेत बड़ी संख्या में शिक्षक व अभिभावक मौजूद रहे।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Check Also
Close
Back to top button