दिल्ली में नकली ENO फैक्ट्री का भंडाफोड़, 91,000 से ज्यादा जाली पाउच, दो आरोपियों को दबोचा

दिल्ली पुलिस की क्राइम ब्रांच ने इब्राहिमपुर गांव में नकली ENO बनाने वाली एक अवैध फैक्ट्री का पर्दाफाश किया है। इस कार्रवाई में दो आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है और भारी मात्रा में नकली सामान जब्त किया गया है, जिसमें 91,257 नकली ENO पाउच, 80 किलोग्राम कच्चा माल, पैकिंग मशीन और ब्रांडेड स्टिकर शामिल हैं। पुलिस ने फैक्ट्री को सील कर दिया है और मामले की गहन जांच शुरू कर दी है।

शिकायत के बाद क्राइम ब्रांच की कार्रवाई
पुलिस के मुताबिक, यह कार्रवाई ग्लैक्सोस्मिथक्लाइन फार्मास्यूटिकल्स लिमिटेड (GlaxoSmithKline Pharmaceuticals Ltd.) के अधिकृत प्रतिनिधि यशपाल सप्रा की शिकायत के आधार पर की गई। शिकायत में बताया गया था कि इब्राहिमपुर गांव के दो व्यक्ति वैध उत्पादन का दिखावा कर नकली ENO तैयार कर रहे हैं और इसे बाजार में असली के नाम पर बेच रहे हैं। इस सूचना पर क्राइम ब्रांच ने तुरंत छापेमारी की और अवैध फैक्ट्री का भंडाफोड़ कर लिया।

आरोपियों की पहचान, पूछताछ जारी
गिरफ्तार आरोपियों की पहचान इब्राहिमपुर गांव निवासी 45 वर्षीय संदीप जैन और 23 वर्षीय जितेंद्र उर्फ छोटू के रूप में हुई है। पुलिस ने बताया कि दोनों से पूछताछ की जा रही है ताकि इस रैकेट के पूरे नेटवर्क का खुलासा हो सके। जांच में यह पता लगाया जा रहा है कि नकली ENO पाउच बाजार में कहां-कहां सप्लाई किए जा रहे थे और इस अवैध कारोबार में और कौन-कौन शामिल हैं।
बरामद सामान
छापेमारी के दौरान पुलिस ने फैक्ट्री से भारी मात्रा में नकली सामान जब्त किया। इसमें शामिल हैं:
91,257 नकली ENO पाउच: बाजार में असली के नाम पर बेचने के लिए तैयार।
80 किलोग्राम कच्चा माल: नकली ENO बनाने में इस्तेमाल होने वाला।
13,080 किलोग्राम ENO मार्का प्रिंटेड रोल: पैकेजिंग के लिए तैयार।
54,780 ENO मार्का स्टिकर: नकली उत्पादों पर चिपकाने के लिए।
2,100 अधूरे ENO पैकेट: जिनमें सामान भरा जाना बाकी था।
एक पैकिंग मशीन: सैशे भरने और पैक करने के लिए इस्तेमाल की जा रही थी।
नकली उत्पादों का खतरा
पुलिस ने बताया कि यह नकली ENO उत्पाद स्वास्थ्य के लिए हानिकारक हो सकते हैं, क्योंकि इनमें इस्तेमाल होने वाला कच्चा माल और रसायन मानकों के अनुरूप नहीं हैं। इस तरह के नकली उत्पाद बाजार में बिकने से उपभोक्ताओं की सेहत को गंभीर खतरा हो सकता है। क्राइम ब्रांच ने इस रैकेट के पूरे तंत्र को ध्वस्त करने के लिए जांच को और तेज करने का फैसला किया है।



